गोरखपुर, जागरण संवाददाता। पूर्वोत्तर रेलवे क्षेत्र में पड़ने वाले उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए राहत भरी खबर है। फर्रुखाबाद से असम के लिए आलू तो गोरखपुर से गुजरात के लिए शकरकंद भेजे जाएंगे। गोरखपुर के रास्ते 200 टन आलू भेजने की तैयारी तो पूरी हो गई है। शकरकंद के लिए भी योजना बन गई है। फिलहाल, 15 सितंबर को फर्रुखाबाद से पूर्व सीमांत रेलवे के बिहरा रेलवे स्टेशन के लिए रवाना हो जाएगी। अगले साल गोरखपुर से सुनहरी शकरकंद का भी लदान शुरू हो जाएगा। आने वाले दिनों में विभिन्न प्रमुख स्टेशनों से किसान एक्सप्रेस चलने लगेंगी।

उत्तर प्रदेश के विभिन्न प्रमुख स्टेशनों से चलाई जाएगी किसान एक्सप्रेस

दरअसल, पूर्वोत्तर रेलवे की यह पहली किसान एक्सप्रेस है। पिछले साल रेलवे बोर्ड ने गोरखपुर से पुणे के बीच किसान एक्सप्रेस चलाने की घोषणा की थी। समय सारिणी भी जारी हो गई थी, लेकिन किसानों के उत्पाद नहीं मिलने से ट्रेन फाइलों से बाहर नहीं निकल सकी। अब रेलवे प्रशासन धीरे-धीरे अपने क्षेत्र में पड़ने वाले किसानों उत्पादों को देश की बड़ी मंडियों तक पहुंचाने का प्रयास तेज कर दिया है। लखनऊ मंडल के अधिकारियों ने महराजगंज के वनग्राम बीट नर्सरी गांव के प्रगतिशील किसान रामगुलाब के सुनहरी शकरकंद को अहमदाबाद भेजने की योजना तैयार कर ली है।

इसके लिए निजी फर्म से वार्ता भी हो गई है। परीक्षण के रूप में शकरकंद का खेप भेजा भी जा चुका है। रेलवे की पहल से उत्साहित राम गुलाब ने कृषक उत्पादक संगठन (एफपीओ) में 300 से अधिक किसानों को जोड़ लिया है। सब मिलकर खेती करने लगे हैं। रेलवे की आमदनी तो बढ़ेगी ही सैकड़ों किसानों की फसल कम लागत और अच्छी कीमत पर खेत से ही गुजरात की मंडियों तक पहुंच जाएगी।

यांत्रिक कारखाने गोरखपुर में तैयार हो रहे कोच

गोरखपुर स्थित यांत्रिक कारखाना ने आटोमोबाइल्स की ढुलाई वाली न्यू माडीफाइड गुड्स वैगन (एनएमजी) बनाने के बाद आलू और शकरकंद के लदान के लिए भी अलग से कोच तैयार करने लगा है। कारखाना के इंजीनियर इसके लिए भी पुराने जनरल यात्री कोचों का ही प्रयोग कर रहे हैं। फर्रुखाबाद में आलू लदान के लिए गोरखपुर से 18 कोच भेजे गए हैं। इन कोचों में किसानों के उत्पाद खराब नहीं होंगे।

किसानों के उत्थान एवं प्रगति के लिए भारतीय रेल नियमित रूप से किसान रेल का संचलन कर रहा है। इसी क्रम में पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल के फर्रुखाबाद से पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के बिहरा रेलवे स्टेशन तक किसान रेल चलाने के प्रस्ताव पर रेलवे बोर्ड की अनुमति प्राप्त हो गई है। किसानों को इसका लाभ मिलेगा। - पंकज कुमार सिंह, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी- पूर्वोत्तर रेलवे

Edited By: Pradeep Srivastava