गोरखपुर, जेएनएन। चिलुआताल थाना क्षेत्र के छामू स्थान पर पुल के पास कार चालक 32 वर्षीय राकेश चौधरी की हत्या कर वाहन लेकर नेपाल भागने की फिराक में लगे तीन बदमाशों को सोनौली पुलिस ने रात्रि गश्त के दौरान शेख फरेंदा तिराहे से गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस ने उनके पास से हुंडई कार, 315 बोर का कट्टा व एक कारतूस बरामद किया है। चिलुआताल थाना क्षेत्र के गांगुली टोला बशारतपुर निवासी छोटू उर्फ शिवनाथ सोनकर, एफसीआइ कालोनी निवासी अशरफ और इसी थाना क्षेत्र के एफसीआइ कालोनी निवासी करन उर्फ आशुतोष मिश्र ने रविवार को गोरखपुर रेलवे स्टेशन से नेपाल घूमने के लिए हुंडई कार बुक किया। तीनों बदमाशों ने वाहन चालक राकेश चौधरी से फर्टिलाइजर के रास्ते ले जाने को कहा।
वाहन जब चिलुआताल थाना क्षेत्र के छामू स्थान पर पुल के पास पहुंचता तो तो बदमाशों ने उसकी हत्या कर दी और शव को वहीं फेंक गाड़ी लेकर नेपाल के लिए निकल गए। महराजगंज जिले के सोनौली के प्रभारी निरीक्षक आनंद कुमार गुप्ता को देर शाम चोरी का वाहन नेपाल जाने की सूचना मिली तो वह उप निरीक्षक दिनेश पांडेय व सहयोगी पुलिस कर्मियों के साथ सक्रिय हो गए। रात्रि में शेख फरेंदा तिराहे पर सफेद रंग की कार दिखी। पुलिस को देखकर तीनों बदमाश वाहन रोककर भागने लगे। पुलिस ने घेराबंदी कर उन्हें पकड़ लिया।
पकड़े गए अभियुक्तों ने बताया कि उनकी मंशा नेपाल में वाहन को बेचने की थी, मगर उसके पहले ही वह पुलिस के हत्थे चढ़ गए। उधर राकेश की पहचान सोमवार को हुई। शाहपुर थाना क्षेत्र के जंगल हकीम नं एक पादरी बाजार निवासी सुरेन्द्र चौधरी का पुत्र राकेश चौधरी तारामंडल निवासी दीपू उपाध्याय का कार चलाता था। राकेश चौधरी 12 दिसंबर की रात कार लेकर मौजूद था। तभी तीन युवक आए और कार बुक कराकर चालक से सोनौली चलने के लिए कहा। राकेश के पिता सुरेन्द्र चौधरी के अनुसार तीन बेटों में वह सबसे छोटा था।
पिछले साल उसकी शादी हुई है। राकेश बहुत ही सीधा था, जिसकी किसी कभी भी कोई दुश्मनी नही रही है। सुरेन्द्र के अनुसर वह मूल रूप से गगहा अंतर्गत पाण्डेयपार गांव के निवासी थे। वह 1998 में पादरी बाजार के जंगल हकीम नंबर एक में जमीन खरीद कर मकान बनवा लिए। अब परिवार के साथ यहीं रहते हैं।