यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 23, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
कोरोना काल में होटल व्यवसाय को एक करोड़ की चपत
कुशीनगर के होटल कारोबारियों को कोरोना की दूसरी लहर आने के बाद लगातार बुकिग निरस्त होने के संकट का सामना ...और पढ़ें

कुशीनगर: अंतरराष्ट्रीय पर्यटक केंद्र कुशीनगर के होटल व्यवसाय को कोरोना काल में एक करोड़ रुपये की चपत लगी है। पिछले साल महामारी के कारण हुए घाटे से इस साल उबरने की आस लगाए बैठे होटलों के प्रबंध तंत्र मौजूदा हालत देख चितित है। कोरोना की दूसरी लहर के कारण निरस्त हो रही बुकिग ने व्यवसाय की कमर ही तोड़ दी है।
बुद्धस्थली में स्थित विभिन्न होटलों में शादी के डेढ़ दर्जन बुकिग कैंसिल हो चुके हैं। अभी और विवाह समारोहों के स्थगित होने की संभावना है। प्रबंधकों का कहना है कि अब तक लगभग एक करोड़ का व्यवसाय प्रभावित हो चुका है। कोरोना संक्रमण के बढ़ते रफ्तार को देखते हुए होटल प्रबंधकों का कहना है कि बची हुई बुकिग पर भी संकट के बादल मंडरा रहे हैं।
लोटस-निक्को होटल के प्रबंधक राजेंद्र मोहन गुप्त ने बताया कि कोरोना के चलते उनके यहां अब तक चार शादियों की बुकिग कैंसिल हो चुकी हैं। इससे लगभग 25 लाख रुपये का व्यवसाय प्रभावित हुआ है। होटल द रायल रेसीडेंसी में पांच शादियों की बुकिग अब तक कैंसिल हुई है। प्रबंधक पंकज कुमार का कहना है कि उनका लगभग 35 लाख रुपये का व्यवसाय प्रभावित हुआ है। होटल पथिक निवास के प्रबंधक राजेश मणि त्रिपाठी ने बताया कि उनके यहां अब तक पांच शादियों की बुकिग कैंसिल हो चुकी हैं। लगभग 30 लाख का व्यवसाय प्रभावित हुआ है। उनका कहना है कि अभी और बुकिग कैंसिल हो सकती हैं। होटल द इम्पेरियल के प्रबंधक सावन सिन्हा के मुताबिक उनके यहां चार शादियों की बुकिग रद हुई है। लगभग 10 लाख का व्यवसाय प्रभावित हुआ है। कुछ और बुकिग रद हुई तो घाटा और बढ़ सकता है।
