गोरखपुर, जागरण संवाददाता। गोरखपुर महानगर के एयरपोर्ट- चिड़ियाघर मार्ग पर आवागमन करने वाले लोगों के लिए राहत भरी खबर है। नवरात्र के पहले दिन 26 सितंबर से एयरपोर्ट से रामगढ़ताल होते हुए चिड़ियाघर तक दो विशेष इलेक्ट्रिक बसें चलने लगेंगी। इसके साथ ही एयरपोर्ट और चिड़ियाघर की राह भी आसान हो जाएगी।

एक साथ 54 लोग कर सकेंगे यात्रा

इलेक्ट्रिक बस संचालन समिति ने बसों के संचालन को लेकर अपनी तैयारियां लगभग पूरी कर ली है। परिवहन विभाग में पंजीकरण नहीं होने के चलते चार महीने से यह बसें खड़ी थीं। आधुनिक यात्री सुविधाओं से युक्त एक बस की कीमत एक करोड़ 38 लाख रुपये है। 12 मीटर लंबी इस बस में एक साथ 54 लोग यात्रा कर सकेंगे।

जल्द निर्धारित होगा किराया

इलेक्ट्रिक बस संचालन समिति के एमडी पीके तिवारी के अनुसार दोनों इलेक्ट्रक बसों के पंजीकरण और परमिट आदि की प्रक्रिया पूरी करा ली गई है। ठहराव और किराया भी एक से दो दिन में तय कर लिया जाएगा। नवरात्र के पहले दिन से बसों का संचालन शुरू करने का प्रयास किया जा रहा है।

नौ माह पहले शुरू हुई थी इलेक्ट्रिक बस सेवा

पिछले साल 28 दिसंबर को इलेक्ट्रिक बस सेवा शुरू हुई थी। तब महेसरा डिपो से बसें महानगर के विभिन्न स्थानों पर चलाई जा रही थीं। जनप्रतिनिधियों व नागरिकों की मांग पर बस सेवा कर विस्तार किया गया। सहजनवां, महावीर छपरा, भटहट आदि स्थानों तक बसें चलाने से नागरिकों को काफी सहूलियत हो गई। कम किराया और ज्यादा सुविधा के कारण लोग अब इलेक्ट्रिक बस आने का इंतजार करते हैं। इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से कमाई भी लगातार बढ़ रही है।

'चलो एप' से मिलेगी इलेक्ट्रिक बसों की लोकेशन

गोरखपुर वासियों को जल्द ही इलेक्ट्रिक बसों की लाइव लोकेशन देखने की सुविधा भी मिलने लगेगी। यह मुमकिन होगा 'चलो एप' के माध्यम से। इस एप के लांच होने से महानगर में चलने वाली इलेक्ट्रिक बसों की लोकेशन, स्टॉपेज, रूट और समय सारिणी जैसी जानकारी यात्रियों को आसानी से मिल सकेगी। पायलट प्रोजेक्ट के तहत इस एप की शुरुआत पहले लखनऊ से होगी। दूसरे चरण में गोरखपुर में एप लांच किया जाएगा।

Edited By: Pragati Chand