गीडा में 50 एकड़ में बनेगा स्किल एंड इंडस्ट्रियल जोन, युवाओं के लिए खुलेंगे रोजगार के दरवाजे
गीडा के सेक्टर-26 में 50 एकड़ भूमि पर सरदार वल्लभभाई पटेल स्किल, एम्प्लायमेंट एंड इंडस्ट्रियल जोन स्थापित होगा। यह पीपीपी ...और पढ़ें

इस फोटो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
गीडा में 50 एकड़ में बनेगा सरदार पटेल स्किल जोन।
पीपीपी मॉडल पर युवाओं को मिलेगा तकनीकी और व्यावसायिक प्रशिक्षण।
प्रशिक्षित युवाओं को स्थानीय उद्योगों में रोजगार से जोड़ा जाएगा।
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। पूर्वांचल के युवाओं को उद्योगों की जरूरत के अनुरूप प्रशिक्षित कर रोजगार से जोड़ने की दिशा में गीडा में बड़ा कदम उठाया गया है। गीडा के सेक्टर-26 में 50 एकड़ भूमि पर सरदार वल्लभभाई पटेल स्किल, एम्प्लायमेंट एंड इंडस्ट्रियल जोन स्थापित किया जाएगा। शासन ने परियोजना को मंजूरी दे दी है। इसे सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल पर विकसित किया जाएगा।
जोन में इंटीग्रेटेड काम्प्लेक्स, औद्योगिक शेड, छात्रावास और अत्याधुनिक कौशल विकास केंद्र विकसित किए जाएंगे। यहां स्थानीय और क्षेत्रीय उद्योगों की जरूरत के अनुसार युवाओं को तकनीकी और व्यावसायिक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
प्रशिक्षण पूरा करने के बाद युवाओं को संबंधित उद्योगों में रोजगार से जोड़ने की भी व्यवस्था होगी। इससे एक ओर युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर मिलेंगे, वहीं दूसरी ओर उद्योगों को प्रशिक्षित कर्मचारी उपलब्ध हो सकेंगे।
परियोजना के तहत गीडा प्रशासन की ओर से भूमि उपलब्ध कराई जाएगी। चयनित एजेंसी निर्माण से लेकर प्रशिक्षण और युवाओं को रोजगार से जोड़ने तक की जिम्मेदारी संभालेगी।
उद्योगों की मांग के हिसाब से तैयार होंगे युवा
स्किल डेवलपमेंट सेंटर में ऐसे पाठ्यक्रम और प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जाएंगे, जिनकी मांग औद्योगिक इकाइयों में अधिक है। इससे प्रशिक्षण और रोजगार के बीच की दूरी कम होगी। युवाओं को प्रशिक्षण के बाद सीधे संबंधित क्षेत्र की औद्योगिक इकाइयों से जोड़ने की व्यवस्था परियोजना की प्रमुख विशेषता होगी।
निवेश और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
परियोजना से गीडा में नए निवेश को आकर्षित करने के साथ ही स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है। औद्योगिक शेड में तैयार आधारभूत सुविधाओं के कारण नए उद्यमियों को इकाई स्थापित करने में सहूलियत मिलेगी।
वहीं कौशल विकास केंद्र के माध्यम से उद्योगों को उनकी जरूरत के अनुसार प्रशिक्षित मानव संसाधन उपलब्ध कराया जा सकेगा। इससे गोरखपुर को कौशल विकास और औद्योगिक प्रशिक्षण के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी।
परिसर में प्लग एंड प्ले मॉडल पर औद्योगिक शेड भी विकसित किए जाएंगे। इन शेड में बिजली, पानी और अन्य जरूरी आधारभूत सुविधाएं पहले से उपलब्ध रहेंगी। इससे उद्यमियों को इकाई स्थापित करने में समय कम लगेगा और वे तेजी से उत्पादन शुरू कर सकेंगे। -रामप्रकाश, एसीईओ, गीडा।
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