गोरखपुर, जागरण संवाददाता। स्वच्‍छता सर्वेक्षण में पूरे देश में सिरमौर मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में कहीं कूड़े का ढेर नहीं दिखता। लेकिन अपने शहर में जगह-जगह कूड़े का अंबार रहता है। कूड़ा दिखते ही बेसहारा पशु झुंड बनाकर वहां पहुंच जाते हैं। कूड़े के ढेर में खाद्य पदार्थ के साथ पालीथिन खाकर असमय मौत के मुंह में चले जाते हैं।

बीमारी की वजह बन रहा कूडा

व्यवस्था यह है कि सुबह आठ बजे कूड़े का उठान हो जाय। कूड़ा वार्डों से उठकर डंपिंग स्टेशन तक पहुंच जाये पर जिम्मेदारों की अनदेखी से कूड़ा बीमारी का कारण बन रहा है। 24 नवंबर को स्पोट्र्स कालेज रोड पर कूड़े के ढेर पर जानवरों का झुंड इकट्ठा था। जानवरों के आपस में भिडऩे से राहगीरों को भी दिक्कत हो रही थी। उधर से गुजर रहे चरगांवा निवासी राममिलन कुशवाहा ने कहा कि स्पोट्र्स कालेज रोड को नगर निगम ने कूड़ाघर बना दिया है। जब कोई अफसर गुजरता है तब ही सफाई होती है। वरना कई दिनों तक कूड़ा सड़ता रहता है। कूड़े से उठती दुर्गंध और म'छर व मक्खियों के कारण बीमारी भी फैलती है।

डंपिंग स्‍टेशन की बजाय सडक पर डाल देते हैं कूडा

सिविल लाइन में डंपिंग स्टेशन के अंदर की फर्श टूट चुकी है। यहां कर्मचारी कूड़ा डंपिंग स्टेशन के अंदर न डालकर सड़क पर डाल देते हैं। पूरे दिन पशुओं का जमावड़ा राहगीरों को डराता रहता है। अचानक पशु आपस में भिड़ते हुए सड़क के बीच में आ जाते हैं। आये दिन यहां हादसे होते रहते हैं।

कालोनियों में लगा रहता है कूडे का ढेर

लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्टेट बैंक के प्रधान कार्यालय के बगल से लगायत अंदर की व्यावसायिक कालोनियों में कूड़े का ढेर लगा रहता है। इस इलाके में सबसे ज्यादा बायोमेडिकल वेस्ट से है। नर्सिंग होम से निकलने वाले मानव अंग व अन्य वस्तुओं को सड़क किनारे फेंक दिया जाता है। पिछले दिनों नगर आयुक्त के निर्देश पर इलाके में सख्ती हुई थी, लेकिन फिर कूड़ा डाला जाने लगा है। नगर आयुक्त अविनाश सिंह ने बताया कि कूड़ा इकट्ठा न होने देने के लिए नगर निगम गंभीर है। गुरुवार से शहर के सभी पांच जोन में से कूड़ा उठाया जाएगा।

गंदगी से बढ़ती है बीमारी

वरिष्‍ठ फिजीशियन डा. ओंकार राय बताते हैं कि कूड़े का तत्काल निस्तारण न हुआ तो इसमें कई तरह के बैक्टीरिया और वायरस पैदा हो जाते हैं। यह वायुमंडल में तेजी से फैलकर भोजन के साथ हमारे शरीर में पहुंच जाते हैं। कूड़े में मक्खी और म'छर तेजी से पनपते हैं और बीमारियों का कारण बनते हैं।

मैं भी स्वच्‍छता प्रहरी

चैंबर आफ इंडस्‍ट्रीज के महासचिव प्रवीण मोदी बताते हैं कि चैंबर आफ इंडस्ट्रीज के पदाधिकारी व सदस्य खुद भी सफाई को लेकर सचेत रहते हैं और दूसरों को भी प्रेरित करते हैं। सफाई होने से शहर सुंदर दिखता है और बीमारियां भी नहीं होती हैं। शहर को देश में स्व'छता का सिरमौर बनाने के लिए सभी को सफाई का प्रण लेना होगा।

Edited By: Navneet Prakash Tripathi