गोरखपुर, जेएनएन। फर्जी दस्तावेजों के आधार पर पासपोर्ट बनवाने का प्रकरण अभी शांत भी नहीं हुआ था कि शस्त्र लाइसेंस में भी फर्जीवाड़े का सनसनीखेज मामला सामने आ गया है। गोरखनाथ के जालसाज ने फर्जी लाइसेंस के आधार पर न केवल अपने लिए असलहा खरीदा बल्कि डेढ़-डेढ़ लाख रुपये में तीन अन्य युवकों का भी फर्जी शस्त्र लाइसेंस जारी कर दिया, जिस पर असलहे भी खरीद लिए गए। एक युवक हिरासत में है, जबकि जालसाजी में शामिल गन हाउस संचालक दुकान बंद कर फरार है। जिलाधिकारी ने सभी शस्त्र लाइसेंसों और असलहों का सत्यापन कर जांच के आदेश दिए हैं।

ऐसे हुआ खुलासा

फर्जीवाड़े के इस हाई प्रोफाइल मामले में पुलिस और प्रशासन के अधिकारी अभी कुछ भी खुलकर नहीं बता रहे हैं। बताया जा रहा है कि एक व्यक्ति शस्त्र लाइसेंस लेकर गन हाउस पर असलहा खरीदने गया था। दुकानदार को लाइसेंस फर्जी लगा तो उसने प्रशासनिक अधिकारियों तक बात पहुंचाई। वहां से मिले निर्देश पर उसने युवक को दुकान पर बैठा लिया जहां से उसे हिरासत में ले लिया गया। उसी युवक से पूछताछ के आधार पर लाइसेंस में फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ है। चर्चा है कि युवक का नाम तनवीर है, हालांकि अधिकारी इसकी पुष्टि नहीं कर रहे हैं।

युवक से पूछताछ के बाद गोरखनाथ पुलिस ने अवैध लाइसेंस की बुकलेट, यूनिक रजिस्ट्रेशन स्लिप, अधिकारियों की मुहर, कई रंग की पेन, फाइलें और अन्य दस्तावेज बरामद किए हैं। उसके मुताबिक सरगना दूसरा युवक है, जिसने फर्जी लाइसेंस पर असलहा भी खरीद लिया है। खोराबार, सिकरीगंज और गोरखनाथ के तीन अन्य युवकों के लाइसेंस भी डेढ़-डेढ़ लाख रुपये में जारी हो गए हैं।

बड़े फर्जीवाड़े की आशंका

इस तरह शस्त्र लाइसेंस जारी होने का खुलासा होने पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी हैरत में हैं। उन्हें आशंका है कि बड़े पैमाने पर ऐसा हुआ होगा। डीएम ने इसी आधार पर जनपद के सभी 22 हजार शस्त्र लाइसेंसों और असलहों का सत्यापन कराने के निर्देश दिए हैं। इस जालसाजी में कर्मचारियों की भूमिका की भी पड़ताल की जाएगी।

कुछ जालसाज फर्जी लाइसेंस बना रहे थे, इसके बारे में जानकारी हुई तो एक व्यक्ति को पकड़ा गया है। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है। लाइसेंसों के सत्यापन का आदेश दिया गया है। - के. विजयेंद्र पाण्डियन, जिलाधिकारी

फर्जी लाइसेंस का मामला सामने आया है। एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर पूछताछ चल रही है। इनपुट के आधार पर मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। कुछ अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश जारी है। - डॉ. सुनील कुमार गुप्ता, एसएसपी

Posted By: Pradeep Srivastava