गोरखपुर, जागरण संवाददाता। दो दिन के दौरे पर गुरुवार को गोरखपुर पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार की सुबह गुरु दर्शन के बाद जनता दर्शन किया। आमतौर पर हिंदू सेवाश्रम में आयोजित होने वाला जनता दर्शन पहली बार मंदिर परिसर के दिग्विजयनाथ स्मृति सभागार परिसर आयोजित हुआ। वहां पहले से बिठाए गए करीब 225 लोगों की समस्या मुख्यमंत्री ने सुनी और समाधान के लिए आश्वस्त किया। करीब 25 लोगों से मुख्यमंत्री मंदिर के लालकक्ष में मिले। जनता दर्शन के दौरान जब मुख्यमंत्री के सामने भू-माफिया की सक्रियता और भूमि विवाद के मामले ज्यादा आए तो उन्होंने इसे लेकर अधिकारियों को निर्देश दिया कि वह हर हाल में भूमि-माफिया पर लगाम लगाएं, जिससे जमीन पर कब्जे की शिकायत न आए।

अधिकारियों को सौंपी जिम्मेदारी

शुक्रवार के जनता दर्शन में बहुत से लोग गैर जनपद से अपनी समस्या लेकर आए थे। मुख्यमंत्री ने उनका समस्या पत्र लेकर लखनऊ चले गए, जिससे जिस जनपद की समस्या हो, वहां पत्र भेजकर कार्यवाही सुनिश्चित कराई जा सके। पुलिस से जुड़े स्थानीय समस्यात्मक पत्र को मुख्यमंत्री ने कार्यवाही के लिए एसएसपी को दिया तो राजस्व से जुड़े मामलों के समाधान के लिए जिलाधिकारी को सहेजा।

धन के अभाव में न रुके रोगियों का इलाज

धन के अभाव में इलाज न हो पाने की समस्या लेकर आए लोगों से मुख्यमंत्री ने कहा कि वह धन प्राप्त करने की औपचारिकता पूरी करें, धन की वजह से इलाज नहीं रुकेगा। मंडल के अन्य जिलों का शिकायती पत्र उन्होंने एडीजी पुलिस, कमिश्नर और डीआइजी को सौंपकर कार्यवाही का निर्देश दिया। जनता दर्शन में एडीजी पुलिस अखिल कुमार, कमिश्नर रवि कुमार एनजी, डीआइजी जे. रवींदर गौड़, डीएम कृष्णा करुणेश, एसएसपी डा. गौरव ग्रोवर, एसपी सिटी कृष्ण कुमार विश्नोई, अजय सिंह, दुर्गेश बजाज, दीपक सिंह, अमित सिंह आदि मौजूद रहे।

बच्चे को किया दुलार, चाकलेट भी दी

मुख्यमंत्री योगी जब जनता दर्शन में लोगों की शिकायतों को सुन रहे थे, तभी उनकी नजर एक बच्चे पर पड़ी, जो अपनी मां की गोद में था। वह बच्चे के पास पहुंचे और दुलार किया। चाकलेट भी दी।

दहेज के लिए कर रहे प्रताड़ित

कोतवाली क्षेत्र के बक्शीपुर की बबीता गौड़ ने मुख्यमंत्री को बताया कि उसकी शादी मार्च 2019 में कूड़ाघाट झारखंडी में रहने वाले सुनील गौड़ से हुई थी। ससुराल पहुंचने के कुछ दिनों बाद से ही दहेज के लिए उसका उत्पीड़न शुरू हो गया। इसके बाद वह मायके आ गई। बीते तीन साल से मायके में रह रहीं हूं, लेकिन कभी ससुराल वालों ने पूछा तक नहीं। इसकी शिकायत पुलिस में भी की, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी। मुख्यमंत्री ने बबिता की शिकायत के निस्तारण का निर्देश एसएसपी को दिया।

गनर दिला दीजिए, नहीं तो जान चली जाएगी

गुलरिहा क्षेत्र के झुंगिया बाजार निवासी आशीष प्रजापति ने मुख्यमंत्री योगी से गनर दिलाने की गुहार लगाई। उसका कहना था कि एक माफिया कभी भी उसकी हत्या करा सकता है। उसका कहना था पहले उसे गनर मिला था, लेकिन कुछ लोगों ने साजिश रच कर उसे हटवा दिया।

नियमित रही दिनचर्या

शुक्रवार की सुबह मुख्यमंत्री की दिनचर्या परंपरागत रही। हमेशा की तरह उन्होंने गुरु गोरक्षनािा और ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ का दर्शन-पूजन करने के बाद मंदिर परिसर का भ्रमण किया। इसी क्रम में गोशाला पहुंचकर उन्होंने गोसेवा भी की। योगी ने कुछ समय अपने श्वान कालू और गुल्लू के साथ भी गुजारा।

Edited By: Pragati Chand