विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 26, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के OSD मोतीलाल सिंह की सड़क हादसे में मौत, पत्नी गंभीर रूप से घायल- सीएम ने शोक जताया

By Pradeep SrivastavaEdited By:
Published: Fri, 26 Aug 2022 09:09 AM (IST)Updated: Fri, 26 Aug 2022 12:10 PM (IST)

गुरुवार की देर रात उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में बड़ा सड़क हादसा हो गया। हादसे में प्रदेश के सीएम ...और पढ़ें

सड़क हादसे में मृत मोती लाल सिंह। - जागरण
सड़क हादसे में मृत मोती लाल सिंह। - जागरण

गोरखपुर, जागरण संवाददाता। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गोरखनाथ मंदिर स्थित कैंप कार्यालय प्रभारी मोतीलाल सिंह की गुरुवार देर रात सड़क हादसे में मौत हो गई। दुर्घटना में उनकी पत्नी भी गंभीर रूप से घायल हैं। हादसा गुरुवार की रात करीब एक बजे गोरखपुर-लखनऊ फोरलेन पर बस्ती जिले के खजौली चौकी के पास हुआ। मोतीलाल सिंह की पत्नी को बाबा राघवदास मेडिकल कालेज गोरखपुर में गंभीर अवस्था में भर्ती किया गया है। घटना पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शोक जताया है।  

ऐसे हुआ हादसा

दोनों लोग स्कॉर्पियो से गोरखपुर से लखनऊ जा रहे थे। बताया जा रहा है कि चालक के नींद में होने की वजह से गाड़ी अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे गड्ढे में गिर गई, जिसमें पति पत्नी दोनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।

दोनों लोगों को गोरखपुर स्थित गोरखनाथ चिकित्सालय लाया गया, जहां मोतीलाल सिंह को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मोतीलाल सिंह नगर निगम में अपर नगर अधिकारी के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। इसके बाद गोरखनाथ मंदिर में अपनी सेवा दे रहे थे।

पल-पल की जानकारी लेते रहे सीएम योगी आदित्यनाथ

मुख्यमंत्री के कैम्प कार्यालय और जनता दर्शन से लेकर मंदिर में आने वाली समस्त समस्याओं और शिकायतों के निस्तारण में वह समन्वयक की भूमिका निभाते थे।

मोतीलाल सिंह के निधन की खबर मिलते ही मंदिर में सुबह से ही लोगों की भीड़ इकट्ठा होने शुरू हो गई। मुख्यमंत्री भी घटना के संबंध में हर पल की जानकारी ले रहे हैं।

आजमगढ़ के रहने वाले थे मोतीलाल सिंह

बूढ़नपुर आजमगढ़ के रहने वाले मोतीलाल सिंह नगर निगम में अपर आयुक्त के तौर पर तैनात रहने के दौरान गोरखनाथ मंदिर और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से जुड़े। उनकी प्रशासनिक कार्यक्षमता को देखते हुए ही मुख्यमंत्री ने उन्हें रिटायर होने के बाद 2017 में गोरखनाथ मंदिर में स्थापित मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय के प्रभारी की जिम्मेदारी सौंपी। बाद उन्हें ओएसडी का पदनाम भी दिया गया। मोती लाल गोरखपुर जिले में चौरी चौरा और बांसगांव में एसडीएम की जिम्मेदारी भी बखूबी संभाल चुके थे। वर्तमान में वह विश्वविद्यालय चौराहे के पास सरकारी आवास में रहते थे।