गोरखपुर, जागरण संवाददाता। CM Janta Darshan in Gorakhpur: गोरखपुर प्रवास के दौरान गोरखनाथ मंदिर में लगने वाले मुख्यमंत्री के जनता दर्शन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पश्चिम उत्तर प्रदेश के जिलों से भी लोग पहुंच रहे हैं। मेरठ, बुलंदशहर आदि जिलों से लोगों के गोरखपुर आने को मुख्यमंत्री ने गंभीरता से लिया है। माना जा रहा है कि स्थानीय स्तर पर समस्याओं का निराकरण न होने के कारण लोग यहां तक आने को मजबूर हैं। मुख्यमंत्री ने इस बात पर नाराजगी जताते हुए स्थानीय स्तर पर मामलों के निस्तारण का निर्देश दिया है। अब जनता दर्शन की रिपोर्ट के आधार पर संबंधित जिलों के जिलाधिकारियों को पत्र लिखने की तैयारी है। इसके पूर्व भी सीएम अधिकारियों को समस्याओं को निचले स्तर पर न सुलझाने को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों को चेतावनी दी थी। 

स्थानीय स्तर पर समस्याओं का निराकरण न होने पर मुख्यमंत्री ने जताई नाराजगी

तीन दिवसीय गोरखपुर दौरे पर आए मुख्यमंत्री से बुधवार की सुबह जनता दर्शन में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों से आए लोगों ने भी मुलाकात की थी। उनकी समस्या सुनकर निस्तारण का निर्देश दिया गया लेकिन साथ ही मुख्यमंत्री ने इस बात पर नाराजगी भी जताई कि स्थानीय स्तर पर समस्याओं का निराकरण क्यों नहीं किया जा रहा? इससे पहले भी मुख्यमंत्री पूर्वी उत्तर प्रदेश के बाहर से लोगों के गोरखपुर आने पर नाराजगी जताई थी।

मेरठ, बुलंदशहर आदि जिलों के जिलाधिकारियों को लिखा जाएगा पत्र

जनता दर्शन के दौरान मौजूद स्थानीय अधिकारियों से उन्होंने सवाल किया कि क्या जिलों में अधिकारी समस्याओं का समाधान नहीं कर रहे। मुख्यमंत्री की नाराजगी से संबंधित जिलों के जिलाधिकारियों को पत्र के माध्यम से अवगत कराने की तैयारी की जा रही है। पत्र के माध्यम से उन्हें मुख्यमंत्री की मंशा से भी अवगत कराया जाएगा। पश्चिम उत्तर प्रदेश के जिलों से आने वाले लोग भी स्थानीय स्तर की शिकायतें ही लेकर आ रहे हैं। शिकायतें ऐसी होती हैं, जिनका निस्तारण थाना, तहसील या जिले स्तर पर किया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी स्थानीय स्तर पर ही समस्याओं के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण का निर्देश दिया है।

Edited By: Pradeep Srivastava