गोरखपुर, जागरण संवाददाता। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में गए पत्रकार को पीटकर मोबाइल व घड़ी लूटने का मामला सामने आया है। आरोपित गार्ड व उसके साथियों के खिलाफ कैंट पुलिस ने लूट व मारपीट का केस दर्ज किया है। पुलिस आरोपित गार्ड की तलाश में जुट गई है।

यह है मामला

पिपराइच के चिलबिलवा उनौला निवासी पत्रकार परमानंद मौर्या समाचार संकलन के लिए एम्स परिसर में आइपीडी के सामने गए थे। तभी वहां काम करने वाला कोर कंपनी का गार्ड उमेश चंद्र मिश्र अपने अन्य गार्ड साथियों के साथ आया और उलझ गया। गालियां देने लगा, विरोध करने पर मारपीट की।

मारपीट का वीड‍ियो बनाने पर की मारपीट

घटना का वीडियो बनाने का प्रयास करने पर पत्रकार का मोबाइल फोन व घड़ी छीन लिया। बाहर निकलने के बाद पत्रकार ने जेब में रखे दूसरे फोन से डायल 112 व एसएसपी को घटना की जानकारी दी। एसएसपी के आदेश पर कैंट पुलिस आरोपित गार्ड व उसके साथियों के खिलाफ लूट, बलवा और धमकी देने का केस दर्ज किया।

पुल‍िस ने पत्रकार का मेड‍िकल कराया

इसके बाद पुलिस ने घायल पत्रकार का मेडिकल कराया। पत्रकार का कहना है कि एम्स चौकी इंचार्ज की भूमिका पूरे मामले में संदिग्ध है। वह बयान लेते समय एक महिला गार्ड का नाम लेकर उसकी परिसर में मौजूदगी की पुष्टि करने का दबाव बना रहे थे। इतना ही नहीं वह तहरीर की कापी भी आरोपितों को दिखा रहे थे। प्रभारी निरीक्षक कैंट सुधीर स‍िंह ने बताया कि आरोपितों की तलाश चल रही है।

शिक्षिका से खाते से जालसाज ने 60 हजार निकाले

शाहपुर के सर्वोदय नगर निवासिनी शिक्षिका के बचत खाते से जालसाज ने 60 हजार रुपये निकाल लिए। बच्चों को मोबाइल दिखाने पर उन्हें घटना की जानकारी हुई। शिक्षिका ने साइबर थाने में तहरीर दी है। स्नेहलता तिवारी खोराबार के पूर्व माध्यमिक विद्यालय डांगीपार में सहायक अध्यापिका हैं। थाने में दी तहरीर में उन्होंने लिखा है कि एक व्यक्ति ने फोन किया। खुद को विभागीय अधिकारी बताते हुए कुछ जानकारी मांगी। जिसे बताने के बाद उनके मोबाइल पर तीन बार ओटीपी आया। घर आने पर पता चला कि जालसाज ने उनके खाते से 60 हजार रुपये निकाल लिए हैं।

Edited By: Pradeep Srivastava