गोंडा : गुरुवार की रात अज्ञात कारणों से छप्पर युक्त मकान में लगी आग से मां व बेटा झुलस गए। जिन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस आग लगने के कारणों की जांच कर रही है।

घटना स्थानीय थाना क्षेत्र के ग्राम निधिनगर के मजरा बलवंत नगर का है। यहां के निवासी पिगल राजभर के परिवार के लोग रात को गेहूं काटने चले गए थे। घर पर उनकी बेटी प्रभावती (25) अपने डेढ़ वर्षीय पुत्र रंजीत के साथ छप्परयुक्त मकान के अंदर चारपाई पर मच्छरदानी में सो रही थी। देर रात मच्छरदानी में अचानक आग लग गई, जब उसकी नींद खुली तो चारपाई जल रही थी। उसकी पुकार सुनकर जब तक पड़ोसी रामधीरज व अन्य पहुंचे तब तक मां व अबोध बेटा काफी जल गए थे। सूचना पर थानाध्यक्ष संतोष कुमार तिवारी व डायल 100 ने पहुंचकर दोनों को स्थानीय सीएचसी पहुंचाया। जहां हालत गंभीर होने पर चिकित्सक ने प्राथमिक उपचार के बाद जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया। जहां इलाज के दौरान दोनों की मौत हो गई। सीओ महावीर सिंह कहना है कि आग कैसे लगी, इसकी जांच कराई जा रही है।

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मायके में रह रही थी महिला

प्रभावती की शादी ग्राम बुड़नी थाना विश्वेश्वरगंज बहराइच निवासी एमपी लाल राजभर से लगभग पांच वर्ष पूर्व हुई थी। शादी के कुछ वर्षों बाद ही दोनों में विवाद हो गया। जिसके बाद प्रभावती अपने डेढ़ वर्ष के बेटे के साथ मायके में ही रह रही थी। मृतका के पिता पिगल राजभर दूसरे प्रदेश में रहकर कमाई कर रहे हैं और उसका भाई खेमराज अलग दूसरे मकान में अपनी पत्नी के साथ रह रहा है। इस मकान में मृतका मां व छोटे भाई दूधनाथ के साथ रह रही थी। लेखपाल मोहम्मद इम्तियाज ने बताया कि आग से जले मकान के क्षति का आंकलन कर विभाग को रिपोर्ट भेजी जाएगी।

Posted By: Jagran