जागरण संवाददाता, साहिबाबाद :

रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) फ्लैट खरीदारों या विक्रेताओं से ट्रांसफर शुल्क के नाम पर डेढ़ प्रतिशत शुल्क वसूल रही है, जबकि यूपी अपार्टमेंट एक्ट - 2016 के तहत आरडब्ल्यूए सिर्फ फ्लैट विक्रेता से अधिकतम एक प्रतिशत ट्रांसफर शुल्क ले सकती है। कौशांबी की तीन सोसायटियों के लोगों ने आरडब्ल्यूए पर उगाही करने का आरोप लगाते हुए कौशांबी थाने में शिकायत दी है। कौशांबी के कंचनजंघा अपार्टमेंट में रहने वाले एडवोकेट गौरव अरोड़ा ने बताया कि यूपी अपार्टमेंट एक्ट - 2010 में नियम था की फ्लैट बेचने वाले से आरडब्ल्यूए एक से दो प्रतिशत ट्रांसफर शुल्क लेगा। इसके लिए डिप्टी रजिस्ट्रार से अनुमति लेने के बाद आम सभा की बैठक करनी होगी। बैठक में जितना शुल्क लेने का बहुमत होगा। उतना ही शुल्क आरडब्ल्यूए फ्लैट विक्रेता से ले सकेगा। वर्ष 2016 में यूपी अपार्टमेंट एक्ट में संशोधन किया गया, जिसमें शुल्क घटाकर 0.5 से एक प्रतिशत कर दिया गया, लेकिन अभी भी आरडब्ल्यूए पदाधिकारी डेढ़ प्रतिशत शुल्क वसूल रहे हैं। यह पूरे जिले और प्रदेश में हो रहा है। कौशांबी के कंचनजंघा, सतपुड़ा और उदयगिरि अपार्टमेंट से तीन मामले आए हैं। तीनों मामले की शिकायत कौशांबी थाने में की गई है।

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केस - एक :

कौशांबी के उदयगिरि टावर निवासी अनिल शर्मा का कहना है कि वर्ष 2019 में उन्होंने 96 लाख रुपये में फ्लैट खरीदा था। आरडब्ल्यूए ने फ्लैट विक्रेता से फ्लैट का ट्रांसफर शुल्क लेने के बजाय अनिल शर्मा से 1.45 लाख लिया। उनका कहना है कि उनसे जबरन डेढ़ प्रतिशत शुल्क लिया गया, जबकि नियमत: विक्रेता से ही एक प्रतिशत ट्रांसफर शुल्क लिया जा सकता है। अनिल शर्मा ने उपभोक्ता फोरम में शिकायत के साथ कौशांबी थाने में शिकायत दी है।

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केस - दो :

अनुराधा अरोड़ा सतपुड़ा टावर में रहती हैं। उन्होंने 25 साल पहले कंचनजंघा अपार्टमेंट में फ्लैट लिया था। अब वह अपना फ्लैट बेचना चाहती हैं। आरोप है कि फ्लैट की कीमत का एक प्रतिशत देकर एनओसी लेने गईं थी लेकिन उनसे डेढ़ प्रतिशत शुल्क मांगा गया। उन्होंने कौशांबी थाने में शिकायत दी है। आरोप है कि आरडब्ल्यूए जबरन लोगों से वसूली कर रहा है, जबकि नियमत: एक प्रतिशत से ज्यादा शुल्क नहीं लिया जा सकता है।

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केस - तीन :

जेएल गुप्ता कंचनजंघा अपार्टमेंट में रहते हैं। उन्होंने वर्ष 2018 में इस अपार्टमेंट में फ्लैट लिया। उनका आरोप है कि उनसे आरडब्ल्यूए के लोग जबरन डेढ़ प्रतिशत फ्लैट का ट्रांसफर शुल्क मांग रहे हैं, जबकि यह शुल्क फ्लैट बेचने वाले से लिया जाता है। इसकी उन्होंने पुलिस से भी शिकायत की थी। आरोप है कि कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने दोबारा कौशांबी थाने में शिकायत दी है। प्रभारी निरीक्षक कौशांबी सचिन मालिक ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।

Edited By: Jagran