गाजियाबाद के कनावनी में किसानों की महापंचायत, आंदोलन तेज करने का एलान
गाजियाबाद के कनावनी गांव में 17 दिनों से धरने पर बैठे किसानों ने महापंचायत कर मुआवजे की मांग को लेकर आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया।
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महापंचायत में किसानों द्वारा आगे आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया। जागरण
HighLights
कनावनी में 17 दिन से किसानों का धरना जारी।
महापंचायत में नौ गांवों के किसानों ने लिया हिस्सा।
मुआवजे की मांग पर आंदोलन तेज करने का निर्णय।
जागरण संवाददाता, साहिबाबाद (गाजियाबाद)। गाजियाबाद के कनावनी गांव में 17 दिन से धरना दे रहे किसानों ने रविवार को महापंचायत की। इसमें नौ गांवों दुजाना, अच्छेजा, बड़पुरा, खैरपुर गुर्जर, कूड़ी खेड़ा, तिलपता, अकूदपुर, मोहियापुर और रसूलपुर नवादा के किसान शामिल हुए। मुआवजे की मांग लेकर महापंचायत में किसानों द्वारा आगे आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया।
किसान प्रवीण नागर का कहना है कि प्रशासन और जीडीए के अधिकारियों से कई दौर की बातचीत के बाद कोई हल नहीं निकल रहा है इसलिए आगे भी धरना जारी रहेगा। आगे आंदोलन को और तेज किया जाएगा। धरने में नेताओं और मंत्रियों को बुलाया जाएगा। उनके सामने अपनी बात रखी जाएगी।
किसानों की प्रमुख मांगें
महापंचायत की अध्यक्षता अर्थला के वीरपाल डबास और मंच का संचालन कैलाश नागर ने किया। अन्य गांवों से पहुंचे किसानों ने अपना समर्थन दिया। महापंचायत में मौजूद किसानों और ग्रामीणों ने कहा कि जब तक कनावनी गांव के किसानों की मांगों को पूरा नहीं किया जाता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।
लड़ाई केवल कनावनी तक सीमित नहीं
ग्रामीणों ने कहा कि कनावनी के किसानों की लड़ाई अब केवल कनावनी तक सीमित नहीं है। आसपास के सभी गांव इस संघर्ष में कनावनी के किसानों के साथ मजबूती से खड़े हैं और आगे की लड़ाई में भी हर संभव सहयोग और समर्थन दिया जाएगा।
महापंचायत में करमवीर नागर, ज्ञानेंद्र नागर, सतपाल यादव, सुमित त्यागी, पृथ्वीराज कसाना, ओमप्रकाश नागर, महेद्र नागर, रघुनाथ सिंह आदि मौजूद रहे।
