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गाजियाबाद: किराया पूरा, सफर में गर्मी का कहर; डेढ़ महीने में AC बसों की 20 से अधिक शिकायतें

Published: Tue, 25 Aug 2026 06:23 AM (IST)

गाजियाबाद में परिवहन निगम की एसी बसें यात्रियों के लिए मुसीबत बन गई हैं, जहां डेढ़ माह में 20 से ...और पढ़ें

साहिबाबाद वर्कशाप में मेंटेनेंस के खड़ी एसी बसें। जागरण

साहिबाबाद वर्कशाप में मेंटेनेंस के खड़ी एसी बसें। जागरण

HighLights

  1. डेढ़ माह में एसी खराब होने की 20 से अधिक शिकायतें।

  2. कौशांबी डिपो की लंबी दूरी की बसों में एसी की समस्या।

  3. पुरानी बसों और रखरखाव की कमी मुख्य कारण है।

जागरण संवाददाता, साहिबाबाद (गाजियाबाद)। दूर के शहरों के लिए परिवहन निगम एसी बसों का संचालन करता है, जिससे यात्रियों को गर्मी में राहत मिल सके। लेकिन रूट पर चलते हुए बसों के एसी खराब होने से यात्रियों की मुसीबत बढ़ जाती है।

बीते करीब डेढ़ माह में एसी खराब होने की 20 से अधिक शिकायतें यात्रियों ने कौशांबी और साहिबाबाद डिपो में की हैं। साथ ही एक्स पर यूपीएसआरटीसी को टैग करते हुए भी शिकायत की है।

कौशांबी डिपो से बरेली, कानपुर, लखनऊ, मथुरा, आगरा समेत विभिन्न प्रदेशभर के 30 से अधिक शहरों के लिए यहां से एसी बसों का संचालन होता है। रोजाना हजारों यात्री सफर करते हैं। इनमें ज्यादातर ऐसे रूट शामिल हैं, जो 200 किलोमीटर से अधिक दूरी के है।

छोटे रूटों पर एसी बसों का संचालन नहीं किया जाता है। बड़े रूटों पर यात्री अधिक किराया देकर सफर करते हैं। इसके बाद भी आए दिन बसों के एसी खराब होना परिवहन निगम की व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। एक सप्ताह पहले ही कानपुर पहुंचने से पहले करीब 50 किलोमीटर पहले ही बस का एसी खराब हो गया।

इसमें करीब 35 यात्री थे। एसी खराब होने पर सभी ने चालक-परिचालक पर रोष व्यक्त किया तो उन्होंने इसकी सूचना अधिकारियों को दी। परिवहन निगम के एक अधिकारी ने नाम न लिखने की शर्त पर बताया कि ज्यादातर बसों के एसी ठीक से काम नहीं करते हैं। इसमें कहीं न कहीं मेंटेनेंस का अभाव है।

इसके अलावा एक परिचालक ने बताया कि बरेली जाने वाली बस का एसी खराब हो गया था। यात्रियों ने किराया वापस मांगा, लेकिन ये हवाला देते हुए किराया वापस नहीं किया कि यात्री करीब 150 किलोमीटर का सफर तय कर चुके हैं।

पांच से छह साल पुरानी बसों के एसी में आ रही अधिक समस्या 

कौशांबी डिपो पर तैनात एक अधिकारी ने बताया कि बड़ी संख्या में एसी बसें पांच से छह वर्ष पुरानी हैं। शुरूआत के दो-तीन साल तो बसों का एसी ठीक चलता है। इसके बाद दिक्कत करनी शुरू कर देता है। अधिक गर्मी पड़ने पर इन बसों के एसी फेल हो जाते हैं। इसकी सूचना एक-दो बार मुख्यालय को भी भेजी गई है।

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गर्मी शुरू होने से पहले सभी बसों के एसी का मेंटेनेंस कराकर संचालन शुरू किया गया था। बीच-बीच में भी एसी की जांच कर कमियों को दूर किया जाता है। यात्रियों को परेशानी न हो इसके लिए अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं।

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केसरी नंदन चौधरी, क्षेत्रीय प्रबंधक, यूपीएसआरटीसी गाजियाबाद रीजन।