गाजियाबाद में आवारा कुत्तों का आतंक: 46 बच्चों समेत 108 लोगों को आवारा कुत्तों ने काटा, पांच गंभीर रूप से घायल
गाजियाबाद में आवारा कुत्तों के काटने की घटनाएं बढ़ीं, जहां 46 बच्चों सहित 108 लोगों को काटा गया और पांच गंभीर रूप से घायल हुए।

एमएमजी जिला अस्पताल में लेटा कुत्ता। जागरण
HighLights
गाजियाबाद में 46 बच्चों सहित 108 लोग कुत्तों के शिकार।
पांच लोग गंभीर रूप से घायल, एंटी-रेबीज सीरम दिया गया।
नगर निगम की सुस्ती पर सवाल, शेल्टर होम का अभाव।
जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। नगर निगम की सुस्ती के चलते रोज आवारा कुत्ते सैकड़ों लोगों को घायल कर रहे हैं। कई बार तो खूंखार कुत्ते बच्चों और बुजुर्गों पर हमला करते हुए बुरी तरह से जख्मी कर देते हैं।
इसके बाद भी नगर निगम द्वारा खूंखार कुत्तों को रखने के लिये शेल्टर होम का निर्माण नहीं कराया है। इतना जरूर है कि जोन स्तर पर डाग कैचिंग टीम आवारा कुत्तों को पकड़कर उनका एबीसी सेंटर में ले जाकर बाध्यकरण जरूर कर रहा है। दो तीन दिन बाद कुत्तों को उसी क्षेत्र में छोड़ दिया जाता है।
पिछले पांच साल में 48 हजार कुत्तों का बाध्यकरण किया गया है। शुक्रवार को सुबह आठ बजे से लेकर दोपहर दो बजे तक सरकारी अस्पतालों में एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने वाले लोगों की लंबी कतार लगी रही।
इमरजेंसी में भी पहुंचते रहे लोग
इमरजेंसी में भी देर शाम को एआरवी लगवाने लोग पहुंचते रहे। जारी की गई रिपोर्ट के अनुसार पिछले 24 घंटे में 46 बच्चों समेत 108 लोगों को आवारा कुत्तों के अलावा बंदर और बिल्लियों ने काटा है। सरकारी अस्पतालों में पहुंचकर उक्त सभी लोगों ने एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाई है।
इनमें से पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गये। इनको एंटी रेबीज सीरम लगाने के साथ प्राथमिक उपचार करके घर भेजा गया। जिला एमएमजी अस्पताल में 211 और संयुक्त अस्पताल में 96 लोगों ने पहुंचकर एआरवी लगवाई। डूंडाहेड़ा स्थित संयुक्त अस्पताल में कुल 37 लोगों ने एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाई।
