जागरण संवाददाता, साहिबाबाद: वसुंधरा सेक्टर-15 स्थित शिखर एंक्लेव में जरूरी सामान की सप्लाई करने वाले कामगारों को प्रवेश करने से सोसायटी के ही तीन-चार लोगों द्वारा रोक दिया गया। जिसकी वजह से सैकड़ों लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों के घरों तक जरूरी सामान नहीं पहुंचने के संबंध में एडीएम सिटी से शिकायत की गई है। जबकि जिला प्रशासन का आदेश है कि आरडब्ल्यूए और एओए के पदाधिकारी सिर्फ समन्वय का काम कर सकते हैं, बाधक बनने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। लॉकडाउन के चौथे चरण में ही जिलाधिकारी अजय शंकर पांडे द्वारा गाइडलाइन जारी कर स्पष्ट निर्देश दिए गए थे, कि सोसायटियों में कामगारों के प्रवेश पर अब रोक नहीं है। जो लोग चाहते हैं कि उनके घर कामगार काम के लिए आएं, वह बुला सकते हैं। लेकिन अब भी कई सोसायटियों में आरडब्ल्यूए, एओए के पदाधिकारी के अलावा कुछ लोग कामगारों के रास्ते में रुकावट बन रहे हैं। ऐसे लोगों की वजह से न केवल कामगार बल्कि सोसायटियों में रहने वाले अन्य लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बुधवार को शिखर एंक्लेव में भी लोगों को परेशानी हुई। सुबह उनके घर अखबार की सप्लाई नहीं हो सकी। इसके अलावा अन्य जरूरी सामान लेकर सोसायटी में पहुंचे कामगारों को गेट से ही वापस भेज दिया गया। जबकि कामगार सुरक्षा के मानकों का पालन कर रहे हैं। मास्क, दस्ताने पहनकर सोसायटियों में जा रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जो लोग कामगारों और सोसायटी के लोगों के बीच दूरी पैदा कर रहे हैं, वह खुद को सोसायटी का एओए पदाधिकारी बताते हैं। जबकि हकीकत यह है कि एओए के पदाधिकारी की नियुक्ति को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। प्रशासनिक अधिकारियों से शिकायत कर इस संबंध में कार्रवाई की मांग की गई है। सोसायटी में जरूरी सामान घर-घर तक नहीं पहुंच पा रहा है। सोसायटी के ही दो-तीन लोग इसमें बाधक बन रहे हैं, जबरदस्ती कामगारों को सोसायटी के गेट से ही वापस लोटा दिया जा रहा है।

- संदीप गुप्ता, शिखर एंकलेव निवासी हम लोगों को अखबार सहित अन्य जरूरी सेवाओं का लाभ छूट के बाद भी नहीं मिल पा रहा है। कुछ लोग सोसायटी में परेशानी उत्पन्न कर रहे हैं, जिला प्रशासन से अलग अपने फैसले लागू करते हैं, जिसकी वजह से सोसयटी के लोग परेशान हो रहे हैं। - बीएस तोमर, शिखर एंक्लेव निवासी सोसायटियों में कामगारों के प्रवेश को रोकना गलत है। आरडब्ल्यूए पदाधिकारी, एओए के पदाधिकारी भी सिर्फ समन्वय का काम कर सकते हैं, कामगारों के रास्ते में रुकावट पैदा करना गलत है। शिखर एंक्लेव समेत ट्रांस हिडन और गाजियाबाद की सोसायटीज की सूची तैयार की जा रही है। जल्द ही आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी।

- शैलेंद्र सिंह, एडीएम सिटी

सोसायटियों में कामगारों के प्रवेश पर कोई रोक नहीं है। सभी सोसायटियों के एओए पदाधिकारियों को इस संबंध में बता दिया गया है कि वह कामगारों के रास्तों में अवरोध उत्पन्न न करें।

-अमरीश गर्ग, अध्यक्ष, फैडरेशन ऑफ अपार्टमेंट्स ओनर्स एसोसिएशन

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