जागरण संवाददाता, इंदिरापुरम: इंदिरापुरम की प्रांतिक कल्चरल सोसायटी के सदस्यों ने शुक्रवार को लालकिले पर आयोजित भारत पर्व कार्यक्रम में अपना जलवा दिखाया तो इंदिरापुरम का माथा भी गर्व से ऊंचा हो गया। सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश करने वाली टीम को लोगों ने खूब सराहा और अब टीम के सदस्य भी कह रहे हैं कि भारत पर्व का हिस्सा बनने से सभी गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं।

इंतजार की घड़ियां समाप्त हुईं और शुक्रवार को लाल किले के सामने इंदिरापुरम की प्रांतिक कल्चरल सोसायटी की टीम ने रंगारंग कार्यक्रम पेश कर लोगों का मन मोह लिया। भारत सरकार के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्रालय की ओर से आयोजित भारत पर्व कार्यक्रम में प्रांतिक सोसायटी को बंगाल की सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित करने का अवसर मिला। लोगों में इस कार्यक्रम को लेकर जबरदस्त उत्साह दिखा और लोगों ने सोसायटी की टीम का उत्साह बढ़ाया।

इंदिरापुरम की प्रांतिक कल्चरल सोसायटी के महासचिव संजीबन ने बताया कि उनकी सोसायटी को यह सम्मान मिला है जिन्होंने इस कार्यक्रम में हिस्सा लिया वे सभी बहुत खुश हैं। कार्यक्रम में भाग लेने वाली पार्वती भट्टाचार्य ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि ऐसे महान क्षण के लिए हम सभी खुश हैं और उम्मीद है कि आगे भी ऐसे कार्यक्रम से प्रांतिक कल्चरल सोसायटी का नाम होगा। कार्यक्रम में शामिल रही देबयानी ने कहा कि टीम प्रांतिक ने शानदार कार्यक्रम प्रस्तुत किया है और इसके लिए सभी को ढेरों बधाइयां हैं। वहीं अनु ने बताया कि इतना बड़े मंच पर प्रांतिक के लोगों ने समां बांध दिया। श्रीलेखा ने कहा कि वे बहुत ही गौरवान्वित महसूस कर रही हैं क्योंकि प्रांतिक को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है, इसके लिए आयोजकों को भी धन्यवाद है। कार्यक्रम में शामिल रहीं अंगना राय ने कहा कि बच्चों को इतने बड़े मंच पर जाने का मौका मिला इसके लिए प्रांतिक कल्चरल सोसायटी की सांस्कृतिक टीम बधाई की पात्र है। सोसायटी में रहने वाली स्वाति ने कहा कि इस टीम का हिस्सा होने पर गर्व महसूस कर रही हैं और आगे भी सोसायटी की ऐसी गतिविधियों में वे हिस्सा लेती रहेंगी।

बंगाल के उप-स्थानिक आयुक्त रहे मौजूद: बंगाल की सांस्कृतिक विरासत को जब इंदिरापुरम की प्रांतिक कल्चरल सोसायटी के लोग प्रदर्शित कर रहे थे, उस समय पश्चिम बंगाल के उप-स्थानिक आयुक्त प्रसूनजित दास व प्रांतिक कल्चरल सोसायटी के आरडब्ल्यूए अध्यक्ष मलय मजूमदार सहित बंगाल से जुड़ी कई महत्वपूर्ण हस्तियां उपस्थित रहीं।