संवाद सूत्र, जहानाबाद : कस्बे के अति प्राचीन दिगंबर जैन मंदिर में बुधवार को दस लक्षण पर्व (पर्युषण महापर्व) के छठवें दिन भगवान पा‌र्श्वनाथ की मूर्ति का पंचाभिषेक कर भक्तों ने पूजा अर्चना की। भगवान महावीर की नीतियों उत्तम संयम, धर्म का अनुसरण करने का संकल्प लिया। समाज के कुमकेश जैन ने कहा, अपने चंचल मन को वश में करके आत्मा के स्वरूप में लीन होना ही संयम है। असंयमी शरीर नहीं मन होता है। संयम के लिए चार चीजें निषेध, नियंत्रण, नियम और शुद्धि आवश्यक है। जैन धर्म के पर्युषण महापर्व का छठा दिन उत्तम संयम धर्म के नाम रहा। इस दिन सत्य संयम धर्म के सम्मान के लिए पूजा अर्चना की गई। दिगंबर जैन मंदिर में नित्य नियम पूजा पंचाभिषेक शाम को आरती व रात में भजन कीर्तन हुए। इस मौके पर विमल जैन, सुभाष जैन, सर्वेश जैन, जिनेंद्र जैन, अनिल मनोज जैन, रवी जैन, अंजू जैन, सुनीता जैन, सुमन जैन, सपना जैन आदि मौजूद रहे।

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