जागरण संवाददाता, फतेहपुर: सुस्त गति से चल रहे स्वच्छ भारत मिशन अभियान की बुधवार को डीएम व सीडीओ ने सघन समीक्षा की। प्रतिदिन 800 शौचालय के सापेक्ष मात्र 80 शौचालय निर्मित होने पर जिला पंचायत राज अधिकारी अजय आनंद सरोज को कड़ी फटकार लगाई। डीएम कुमार प्रशांत ने कहा कि ओडीएफ (खुले में शौच से मुक्त) गांव हवा में घोषित न किए जाए। जिन गांवों में शत-प्रतिशत शौचालय बन जाएं उन गांवों में सुबह-शाम यह पड़ताल करायी जाए कि ग्रामीण शौचालय का उपयोग करते हैं या नहीं। शौचालय उपयोग की दशा में ही गांव को ओडीएफ करने को कहा।

समीक्षा दौरान हसवा, धाता व विजयीपुर ब्लाक की स्थिति बेहद खराब पाई गयी। डीएम ने यहां के एडीओ पंचायत को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि अगर उन्होंने काम से सुधार नहीं किया तो निलंबन के लिए निदेशालय को लिखा जाएगा। बैठक दौरान उन्होंने 15 अप्रैल तक जिले के 150 नए गांवों को ओडीएफ करने का लक्ष्य दिया। इसके साथ ही प्रधानमंत्री आवास निर्माण की समीक्षा कर एडीओ पंचायत, बीडीओ के जमकर पेंच कसे। उन्होंने कहा जिन लाभार्थियों को किस्त दी जा चुकी है। उनके आवास अधूरे हैं तो ऐसे लाभार्थियों को नोटिस दी जाए। ताकि निश्चित समय पूरा होने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जा सके। समीक्षा दौरान सीडीओ एसपी आनंद, सभी ब्लाकों के बीडीओ, एडीओ, पीडी एके निगम, जिला विकास अधिकारी रमेश चंद्रा समेत अन्य मौजूद रहे।

मोबाइल में ऑनलाइन काम करने का प्रशिक्षण : डिजिटल इंडिया के तहत ग्राम पंचायतों को भी ई-गर्वनेंस सुविधा से जोड़ा गया है। बुधवार को विकास भवन सभागार में 155 पंचायत सचिवों को मोबाइल के जरिए काम की जीओ टै¨गग के गुर सिखाए व बताए गए। प्रशिक्षण शिविर को सम्बोधित करते हुए सीडीओ ने कहा कि अब हर काम की आनलाइन मानीट¨रग की जानी है। इस लिए प्रत्येक गांव स्तर का कर्मचारी इसे सीख ले। पांच दिनी प्रशिक्षण में विभाग करीब डेढ़ लाख खर्च कर इन्हें प्रशिक्षित करेगा।

तीन का वेतन रोका, 50 पार वाले होंगे सेवानिवृत्त : डीएम ने समीक्षा दौरान खराब प्रगति पर ग्राम विकास अधिकारी बाबूलाल, विकास कुमार और राजेश कुमार का वेतन अग्रिम आदेश तक रोक दिया। जिला विकास अधिकारी व पंचायती राज अधिकारी को निर्देश दिया किया 50 वर्ष की आयु पार कर चुके कर्मचारियों की छंटनी करके उनके खिलाफ स्वैच्छिक सेवा निवृत्त की कार्रवाई की जाए।

By Jagran