जागरण संवाददाता, फर्रुखाबाद : सात दिन पहले रेलवे लाइन के किनारे युवक का शव पड़ा मिला था। स्वजन उसी दिन से हत्या किए जाने का आरोप लगा रहे हैं। शिक्षक भाई शुक्रवार को भी अन्य स्वजन के साथ थाने में तहरीर देने को शाम तक बैठे रहे। इस दौरान उनका दर्द कई बार छलका। वहीं हत्या की बात पुलिस के गले नहीं उतर रही है। थाना जहानगंज क्षेत्र के गांव कोठी निवासी युवक विनय कुमार शाक्य उर्फ करन का शव तीन जुलाई की सुबह मऊदरवाजा थाना क्षेत्र में हथियापुर रेलवे क्रासिग के पास पटरी के किनारे पड़ा मिला था। घटनास्थल देखने के बाद ही स्वजन विनय की हत्या किए जाने का आरोप लगाने लगे थे। शिक्षक भाई रणवीर सिंह स्वजन के साथ तहरीर लेकर दोपहर को मऊदरवाजा थाने आए। वह शाम तक थाना प्रभारी से मिलने के इंतजार में बैठे रहे। रणवीर सिंह ने थाना प्रभारी के नाम लिखी तहरीर में कहा है कि उनके भाई विनय की अज्ञात लोगों द्वारा हत्या की गई है। वह हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराना चाहते हैं। रणवीर सिंह ने कहा कि कायमगंज मार्ग से घटनास्थल तक खून के छींटे पड़े थे। पुलिस ने वह साक्ष्य संकलित नहीं किया। हत्या किसने की इसका पता पुलिस को लगाना चाहिए। वह कई दिन से थाने आ रहे हैं। थाना प्रभारी अजय नारायण सिंह ने बताया कि स्वजन हत्या की वजह नहीं बता रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जो चोटें हैं, उससे स्पष्ट नहीं है कि मारपीट से चोटें आयीं। वह चोटें गिरने या घिसटने से भी आ सकती हैं। रेलवे कर्मचारी ने शव ट्रैक से हटाकर किनारे रख दिया था। हत्या का मुकदमा लिख भी जाएगा तो उसके साक्ष्य स्वजन को देने होंगे अन्यथा दुर्घटना ही मानी जाएगी।

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