जागरण संवाददाता, फर्रुखाबाद : पिछले एक माह के भीतर दो किसानों को चकमा देकर उनके खाते से रुपये निकाल लिए गए। पुलिस ने तीन आरोपितों को तीन दिन पहले ही हिरासत में ले लिया था। उनसे पूछताछ की जा रही थी। इसके बावजूद पुलिस ने घटना का मुकदमा मंगलवार को दर्ज किया। जिसमें एक माह पूर्व हुई ठगी की घटना का भी उल्लेख किया है।

थाना मऊदरवाजा के गांव बिलावलपुर निवासी मुन्नालाल 27 नवंबर की शाम अपने खेत पर बैठे थे, तभी हैवतपुर गढि़या की ओर से आए बाइक सवार तीन युवक उनके पास आकर रुके। पास में ही लगे हैंडपंप पर तीनों युवकों ने पानी पीया और मुन्नालाल से बातचीत करने लगे। युवकों ने उनसे कहा कि वह ग्रामीण बैंक से आए हैं। उनके पास अंगूठा लगाने वाली मशीन भी थी। युवकों ने मुन्नालाल से कहा कि उनको जमीन पर सरकार की ओर से पेंशन मिल रही होगी। वह चेक कर लेंगे कि उनके खाते में रुपये आए कि नहीं। मुन्नालाल ने कहा कि उनके खाते में रुपये आ चुके हैं। इस पर युवकों ने कहा कि तब भी वह चेक करेंगे। झांसे में आकर मुन्नालाल ने अपना आधार नंबर बताकर मशीन पर अंगूठा लगा दिया। युवकों ने कहा कि अंगूठा ठीक से काम नहीं कर रहा है। इसके बाद युवक चले गए। कुछ देर बाद मुन्नालाल का नाती मनफूल दो दोस्तों के साथ आ गया। मुन्नालाल ने उन्हें मामले की जानकारी दी। मनफूल ने जनसेवा केंद्र पर जाकर पता किया तो जानकारी मिली कि मुन्नालाल के खाते से 10 हजार रुपये निकल गए हैं। यह धनराशि थाना नवाबगंज के गांव नगला धोबियन निवासी सतेंद्र राजपूत, नगला मना निवासी इंद्रेश यादव व जनपद एटा थाना जसरथपुर के गांव जिटौरा निवासी देवेंद्र यादव ने निकाली है। उसी दिन गांव रमन्ना गुलजारबाग निवासी राहुल कुमार भी वहां आ गए। उन्होंने बताया कि उनके बाबा रामस्वरूप को 25 अक्टूबर को गुमराह कर उनकी मां सुनीता देवी के खाते से भी रुपये निकाल लिए गए थे। विदित है कि तीनों आरोपित हिरासत में हैं। एसओजी व मऊदरवाजा पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है। अंगूठा लगाने वाली मशीन भी पुलिस के कब्जे है। हालांकि शाम तक पुलिस ने गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं की।

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