नई दिल्‍ली, एजेंसी/ब्‍यूरो। सुप्रीम कोर्ट ने शनिवार को अयोध्या में विवादित स्थल पर राम मंदिर के निर्माण का मार्ग प्रशस्त करते हुए केंद्र सरकार को निर्देश दिया कि सुन्नी वक्फ बोर्ड को मस्जिद के निर्माण के लिए दूसरी जगह पांच एकड़ भूमि आवंटित की जाए। पांच जजों की पीठ ने सर्वसम्मति यानी 5-0 से यह ऐतिहासिक फैसला सुनाया। शीर्ष अदालत ने केंद्र सरकार को निर्देश दिया कि वह विवादित स्थान पर मंदिर निर्माण के लिए तीन महीने के भीतर एक ट्रस्ट गठित करे। पीठ ने फैसले में कहा कि 2.77 एकड़ की विवादित भूमि का अधिकार राम लला की मूर्ति को सौंप दिया जाए। हालांकि, इसका कब्जा केंद्र सरकार के रिसीवर के पास ही रहेगा। दैनिक जागरण इस लाइव रिपोर्ट के जरिए मामले से जुड़ा हर अपडेट आप तक पहुंचा रहा है। ताजा जानकारी के लिए रिफ्रेश करें यह पेज... सुप्रीम कोर्ट का पूरा फैसला पढ़ने के लिए यहां करें क्लिक 

Ayodhya Case Verdict 2019 Live Update

- 8.15 PM: जमीयत उलमा-ए-हिंद के अध्‍यक्ष मौलाना सैयद अरशद मदनी ने मुसलमानों और साथी भाइयों से अपील की है कि वे देश में शांति और सद्भाव बनाए रखें और इसे जीत या नुकसान के रूप में न लें। यह फैसला हमारी उम्मीदों के अनुरूप नहीं है,  लेकिन सर्वोच्च न्यायालय सर्वोच्च है।

- 7.30 PM: प्रसिद्ध कवि मुनव्वर राना ने कहा कि मैं फैसले का सलाम करता हूं। विवादित ढांचा एक राजनीति मुद्दा बन गया था।  मुझे बहुत ही सरल और ईमानदार तरीके से कहना है कि आज यह मामला समाप्त हो गया है। मुझे भरोसा है कि देश आगे बढ़ेगा। 

- 07.00PM: उत्‍तर प्रदेश के मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने कहा, जब मैं सीएम बना था तो अयोध्या गया, वहां मुझे अयोध्या की उपेक्षा महसूस हुई। इस विवाद के समापन पर सभी पक्षों को बधाई देता हूं, यूपी के लिए इसके काफी मायने थे। 

- 06.45PM: अयोध्या पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने स्वागत किया। उन्‍होंने कहा कि मैं सभी देशवासियों के साथ अयोध्‍या मामले में आज सुप्रीम कोर्ट की पांच-सदस्यीय संविधान पीठ द्वारा दिए गए ऐतिहासिक फैसले का तहे दिल से स्वागत करता हूं। यह मेरे लिए पूर्णता का क्षण है, क्योंकि भगवान ने आजादी के बाद के सबसे मुझे जन आंदोलन में योगदान देने का मौका दिया, जिसका परिणाम आज सुप्रीम कोर्ट के फैसले के जरिए संभव बनाया गया।

- 06.15PM: प्रधानमंत्री ने कहा कि कोशिश होनी चाहिए कि हर परिस्थति में भारत के संविधान और भारत की न्यायिक प्रणाली पर हमारा विश्वास अडिग रहे। सर्वोच्च अदालत का यह फैसला एक नया सवेरा लेकर आया है। इस विवाद का भले ही कई पीढ़ियों पर असर पड़ा हो लेकिन हमें संकल्प लेना होगा कि अब नई पीढ़ी नए सिरे से नए भारत का निर्माण करेगी। हमें विकास की राह तय करते हुए यह भी देखना है कि हमारे साथ चलने वाला कहीं पीछे तो नहीं छूट रहा है। हमें सबका साथ, सबका विकास करते हुए सबका विश्वास हासिल करना होगा। 

- 06.12PM: पीएम मोदी ने कहा, फैसले के बाद पूरी न्यायिक प्रक्रिया का समापन हुआ है। अब देश के हर नागरिक पर राष्‍ट्र के निर्माण की जिम्‍मेदारी और बढ़ गई है। हम सभी पर नियम कायदों का पालन करने की दायित्‍व और बढ़ गया है। हमारे बीच का सौहार्द, हमारा स्‍नेह देश के विकास के लिए बेहद महत्‍वपूर्ण है। भारत के सामने चुनौतियां काफी हैं। हर भारतीय साथ मिलकर इन लक्ष्‍यों को हासिल करेगा। 

- 06.08PM:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज का यह दिन हमें जोड़ने का है और जुड़ने का है। नए भारत में कटुता का कोई स्‍थान नहीं होना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने इस फैसले से साबित किया है कि देश में कठिन से कठिन मसले का हल स‍ंविधान के दायरे में रहकर किया जा सकता है।  

- 05.30PM: राष्‍ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजित डोभाल ने बाबा रामदेव और स्‍वामी मरमात्‍मानंद समेत दूसरे संतों की बैठक बुलाई है। बैठक में भाग लेने के लिए डोभाल के आवास पर पहुंचे बाबा रामदेव। 

- 05.18PM: थोड़ी ही देर में प्रधानमंत्री राष्‍ट्र को करेंगे संबोधित दूसरी ओर सपा अध्‍यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है, जो फैसले फासलों को घटते हैं वो इंसा को बेहतर इंसा बनाते हैं। 

- 04.50PM: दिल्‍ली की जामा मस्जिद के शाही इमाम सैयद अहमद बुखारी ने कहा, हम सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्‍मान करते हैं। मुझे उम्‍मीद है कि देश विकास की ओर गति करेगा। जहां तक एक समीक्षा याचिका दायर करने का सवाल है तो मैं भी इसके पक्ष में नहीं हूं।

- 04.35PM: उत्‍तर प्रदेश सुन्‍नी वक्‍फ बोर्ड के अध्‍यक्ष जफर फारूकी ने कहा कि हम सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले का विनम्रता पूर्वक सम्‍मान करते हैं। मैं यह साफ करना चाहता हूं कि यूपी सुन्नी वक्फ बोर्ड सुप्रीम कोर्ट के आदेश की समीक्षा के लिए अपील नहीं करेगा और न ही कोई उपचारात्मक याचिका दायर करेगा।

- 04.15PM: शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने कहा, आज का दिन भारत के इतिहास में सुनहरे अक्षरों से लिखा जाएगा। सभी ने फैसला स्वीकार कर लिया है। मैं 24 नवंबर को अयोध्या जाऊंगा। उन्‍होंने यह भी कहा कि मैं एलके आडवाणी जी को धन्‍यवाद देने के लिए उनसे मिलने भी जाऊंगा। उन्‍होंने राम मंदिर निर्माण के लिए रथ यात्रा की थी। मैं उनसे अवश्‍य मिलूंगा और उनका आशिर्वाद लूंगा।  

- 04.10PM: अयोध्‍या भूमि विवाद मामले में रामलला विराजमान के वकील सीएस वैद्यनाथन ने कहा, भारत के लिए यह बड़ा दिन है। सुप्रीम कोर्ट ने जो फैसला सुनाया है उसमें सभी पक्षों का संतुलित हित है। इस फैसले से यह भी सुनिश्चित करने की कोशिश की गई है कि राष्ट्र की एकता और अखंडता और भाईचारा कायम रहे। यह कानून के शासन की जीत है। 

- 04.00PM: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने फैसले का स्वागत करते हुए ट्वीट कर कहा कि मुझे पूरा यकीन है कि सुप्रीम कोर्ट का यह ऐतिहासिक फैसला मील का पत्थर साबित होगा। यह फैसला भारत की एकता, अखंडता और महान संस्कृति को और मजबूती देगा। मैं सभी से अपील करता हूं कि हम इस फैसले को सहजता से लेते हुए शांति और सौहार्द बनाए रखें।

- 03.35PM: विश्‍व हिंदू परिषद ने कहा, सुप्रीम कोर्ट ने राम मंदिर के निर्माण के लिए निर्णायक फैसला दिया है। विहिप के नेता आलोक कुमार ने कहा कि मंदिर निर्माण के लिए 60 फीसद खंभे और बीम बिल्‍कुल तैयार हैं। 60 per cent of pillars and beams for Ram temple are ready, says VHP's Alok Kumar. PTI हमें उम्‍मीद है कि भारत सरकार सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन के लिए तेजी से कदम उठाएगी। 

- 03.15PM: शिया मौलाना कल्‍वे जव्‍वाद ने कहा, हम विनम्रता पूर्वक सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले को स्‍वीकार करते हैं। मैं भगवान का शुक्रगुजार हूं कि मुस्लिम समुदाय के लोगों ने फैसले को स्वीकार किया और विवाद अब खत्‍म हो गया है। हालांकि, मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड को समीक्षा याचिका दायर करने का अधिकार है। मुझे लगता है कि अब इस मामले को खत्‍म किया जाना चाहिए। 

- 02.48PM: सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने (Ministry of Information and Broadcasting, MIB) देश के सभी चैनलों और केबल टीवी ऑपरेटरों को चर्चा, बहस और रिपोर्टिंग के दौरान प्रोग्राम कोड का सख्ती से पालन करने के लिए एडवाइजरी जारी की है। 

- 02.33PM: मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने कहा, मैं आज बहुत खुश हूं। इस फैसले से मंदिर निर्माण के लिए संघर्ष करने वाले हजारों श्रमिकों का बलिदान बेकार नहीं गया है। अब जल्‍द से जल्‍द राम मंदिर का निर्माण होना चाहिए। मेरी इच्‍छा है कि देश में राम राज्‍य भी होना चाहिए। 

- 02.24PM: ओवैसी ने कहा, कांग्रेस ने अपना असली रंग दिखा दिया है। यदि राजीव गांधी द्वारा ताला नहीं खुलवाया गया होता और नरसिंम्‍हा राव ने अपने कर्तव्‍यों का पालन किया होता तो अब भी विवादित स्‍थल पर मस्जिद मौजूद होती। 

- 02.18PM: कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने कहा, मैं सभी से अपील करती हूं कि वे अयोध्‍या पर आए फैसले का सम्‍मान करें। वहीं रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि यह एक ऐतिहासिक फैसला है। उन्होंने जनता से शांति बनाए रखने के लिए कहा।

- 02.14PM: अजमेर शरीफ दरगाह के दिवान सैयद जैनुल अबेदीन ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला किसी की जय या पराजय नहीं है। हमें सर्वोच्‍च अदालत के इस फैसले को स्‍वीकार करना चाहिए। जो भी हुआ वह राष्ट्र हित में है और हमें वर्षों से चले आ रहे विवाद को यहीं खत्‍म कर देना चाहिए। 

- 02.05PM: अयोध्‍या केस में फैसला आने के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आंतरिक सुरक्षा का मोर्चा संभाल लिया है। उन्‍होंने देश के सभी राज्‍यों के मुख्‍यमंत्रियों को सुरक्षा के उपाय करने के निर्देश जारी किए।

- 02.00PM: एआइएमआइएम नेता असदुद्दीन ओवैसी Asaduddin Owaisi ने कहा, हम फैसले से संतुष्‍ट नहीं हैं। सुप्रीम कोर्ट सर्वोच्च है लेकिन अचूक नहीं है। हमें संविधान पर पूरा भरोसा है। हम अपने हक के लिए लड़ रहे थे हमको दान की पांच एकड़ जमीन की जरूरत नहीं है। हमें पांच एकड़ भूमि के प्रस्ताव को अस्वीकार कर देना चाहिए।

- 02.40PM: पूर्व केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने कहा, देश की सर्वोच्‍च अदालत ने एक निश्‍पक्ष फैसला दिया है। मैं आडवाणी जी के घर में उनको माथा टेकने आई हूं। आडवाणी जी ही वह नेता थे जिन्‍होंने स्यूडो-सेक्युलरिज्म को चुनौती दी थी। उनकी ही बदौलत आज हम यहां तक पहुंचे हैं। 

- 01.25PM: भारतीय पुरातत्‍व सर्वेक्षण विभाग के पूर्व क्षेत्रीय निदेशक (उत्‍तर) केके मुहम्‍मद ने कहा कि मुझे लगता है कि अयोध्या में बाबरी मस्जिद से पहले राम मंदिर मौजूद था। सर्वोच्‍च न्‍यायालय का यह फैसला ठीक वैसा ही है जैसा कि हम सभी चाहते थे।

- 01.20PM: योग गुरु बाबा रामदेव ने कहा कि यह एतिहासिक फैसला है। अब अयोध्या में भव्य राम मंदिर बनेगा। हमें ऐसा कुछ नहीं करना है जिससे किसी समाज या समुदाय में भय या आक्रोश का माहौल पैदा हो। हमें उन मर्यादाओं का पालन करना है जिनके लिए भगवान श्रीराम स्‍वयं जीये। हिंदू भाइयों को भी मस्जिद के निर्माण में योगदान देना चाहिए। 

- 01.19PM: फैसले के बाद संघ प्रमुख (RSS chief) मोहन भागवत ने कहा, यह केस दशकों से चल रहा था और यह सही निष्कर्ष पर पहुंच गया है। इसे जीत या हार के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। हम समाज में शांति और सद्भाव बनाए रखने के लिए सभी की कोशिशों का स्वागत करते हैं।

- 01.10PM: पीएम मोदी ने अयोध्‍या भूमि विवाद पर आए फैसले पर कहा कि न्याय के मंदिर ने दशकों पुराने मामले का सौहार्दपूर्ण तरीके से समाधान कर दिया। किसी विवाद को सुलझाने में कानूनी प्रक्रिया का पालन किया जाना कितना अहम है इस फैसले ने बता दिया है। इसमें हर पक्ष को अपनी दलील रखने के लिए पर्याप्त समय और अवसर दिया गया। अयोध्या पर यह फैसला न्यायिक प्रक्रियाओं में जन सामान्य के विश्वास को और मजबूत करेगा।

- 01.00PM: ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के कमल फारुकी ने कहा कि हमें बदले में 100 एकड़ जमीन भी दे तो कोई फायदा नहीं है। हमारी 67 एकड़ जमीन पहले से ही एक्‍वायर की हुई है तो हमको दान में क्‍या दे रहे हैं वो। हमारी 67 एकड़ जमीन लेने के बाद पांच एकड़ जमीन दे रहे हैं। ये कहां का इंसाफ है। 

- 12.20PM: सुन्नी केंद्रीय वक्फ बोर्ड के वकील जफरयाब जीलानी ने फैसले में विरोधाभास होने की बात कही। यही नहीं उन्‍होंने इस मामले में पुनर्विचार याचिका दायर करने की मंशा भी जाहिर की। दूसरी ओर, निर्मोही अखाड़े ने कहा है कि उसका दावा खारिज किए जाने का उसे कोई मलाल नहीं है।

11.48- निर्मोही अखाड़ा के प्रवक्ता कार्तिक चोपड़ा ने कहा, 'निर्मोही अखाड़ा आभारी है कि SC ने पिछले 150 वर्षों की हमारी लड़ाई को मान्यता दी है और केंद्र सरकार द्वारा श्री राम जन्मस्थान मंदिर के निर्माण और प्रबंधन के लिए निर्मोही अखाड़े को पर्याप्त प्रतिनिधित्व दिया है।'

11.26 AM- सुप्रीम कोर्ट के परिसर में लगे जय श्रीराम के नारे। अदालत परिसर में वकीलों ने जब जय श्रीराम के नारे लगाए तो दूसरे वरिष्‍ठ वकीलों ने उन्‍हें ऐसा करने से रोका... 

11.20 AM- सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को आदेश दिया कि वह तीन से चार महीने के भीतर सेंट्रल गवर्नमेंट ट्रस्ट की स्थापना के लिए योजना बना सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को आदेश दिया कि वह तीन से चार महीने के भीतर सेंट्रल गवर्नमेंट ट्रस्ट की स्थापना के लिए योजना ए और विवादित स्थल को मंदिर निर्माण के लिए सौंप दे। अदालत ने यह भी कहा कि अयोध्या में पांच एकड़ वैकल्‍प‍िक जमीन सुन्नी वक्‍फ बोर्ड को प्रदान करे। 

11.12 AM- मुस्लिमों को मस्जिद बनाने के लिए वैकल्‍प‍िक जगह देने के आदेश SC directs allotment of alternative land to Muslims to build new mosque. PTI अदालत ने यह भी कहा कि विवादित ढांचा को गिराना कानून का उल्लंघन था। Damage to Babri mosque was violation of law: SC. PTI

11.08 AM- अदालत ने कहा कि सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड अयोध्या विवाद में अपने मामले को स्थापित करने में विफल रहा है। UP Sunni Central Waqf Board has failed to establish its case in Ayodhya dispute: SC. PTI

11.05 AM- अदालत ने कहा कि मुसलमानों ने मस्जिद नहीं छोड़ी थी। हालांकि, हिंदू भी राम चबूतरा पर पूजा करते थे। उन्होंने गर्भगृह पर भी स्वामित्व का दावा किया। 

11.00 AM- सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि साक्ष्‍यों से पता चलता है कि मुस्लिम शुक्रवार को विवादित स्‍थल पर नमाज पढ़ते थे। इससे संकेत मिलता है कि उनका अधिकार खत्‍म नहीं होता है। इस बात के प्रमाण हैं कि अंग्रेजों के आने से पहले राम चबूतरा, सीता रसोई पर हिंदुओं द्वारा पूजा की जाती थी। अभिलेखों में दर्ज साक्ष्य से पता चलता है कि हिंदुओं का विवादित भूमि के बाहरी हिस्‍से पर कब्‍जा था।

10.53 AM- सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हिंदुओं की आस्था और उनका विश्वास है कि भगवान राम का जन्म अयोध्या में हुआ था। हिंदुओं की आस्था और विश्वास है कि भगवान राम का जन्म गुंबद के नीचे हुआ था। यह व्यक्तिगत विश्वास का विषय है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मुख्‍य ढांचा इस्लामी संरचना नहीं थी। The underlying structure was not an Islamic structure- PTI

10.45 AM- मुख्‍य न्‍यायाधीश रंजन गोगोई ने कहा, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) संदेह से परे है। इसके अध्ययन को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है। अदालत ने निर्मोही अखाड़ा के दावे को खारिज किया। निर्मोही अखाड़ा का दावा केवल प्रबंधन का है। निर्मोही अखाड़ा सेवादार नहीं है।

10.42 AM- गोगोई ने कहा कि बाबरी मस्जिद मीर बाकी द्वारा बनाई गई थी। हम 1946 के फैजाबाद कोर्ट के फैसले को चुनौती देने वाली शिया वक्फ बोर्ड की सिंगल लीव पिटिशन (SLP) को खारिज करते हैं।

10.29 AM- पांच जजों की सुप्रीम कोर्ट की बेंच जल्द ही Ayodhya भूमि मामले में फैसला सुनाएगी। वरिष्ठ अधिवक्ता के. परासरन, सीएस वैद्यनाथन, राजीव धवन, सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता और मामले में विभिन्न पक्षों का प्रतिनिधित्व करने वाले अन्य वकील अदालत में पहुंचे।

10.20 AM- कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा, हम शुरू से शांति के पक्ष में हैं। मैं भी शांति का पुजारी हूं। हम सभी को सुप्रीम कोर्ट के फैसले का पालन करना चाहिए।

- उत्‍तर प्रदेश के एडीजी आशुतोष पांडेय ने बताया कि अयोध्‍या में स्थिति नियंत्रण में है। हालात सामान्‍य है और सारे बाजार पूर्ववत खुले हैं। मंदिर में श्रद्धालुओं के आने पर कोई पाबंदी नहीं लगाई गई है। 

- उत्‍तर प्रदेश के एडीजी आशुतोष पांडेय ने बताया कि अयोध्‍या में शांति बनाए रखने के लिए अर्धसैनिक बलों, आरपीएफ, पीएसी और 1200 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। 250 सब इंस्‍पेक्‍टरों के साथ साथ बड़े अधिकारी भी तैनात किए गए हैं। यही नहीं इस ऐतिहासिक शहर में 35 सीसीटीवी और 10 ड्रोन कैमरों से भी नजर रखी जा रही है। 

- उत्‍तर प्रदेश के डीजीपी ओपी सिंह DGP OP Singh ने कहा कि विश्‍वास बहाली के सारे कदम उठाए हैं। हमनें पूरे यूपी में धर्मगुरुओं और नागरिकों के साथ 10 हजार बैठकें की हैं। हम अपील कर रहे हैं कि लोग सोशल मीडिया पर अफवाहें न फैलाए ना तो इन पर ध्‍यान दें। फैसले के मद्देनजर पूरे उत्‍तर प्रदेश में धारा-144 लगा दी गई है।

- अयोध्या में राम मंदिर के मुख्य पुजारी महंत सत्येंद्र दास ने कहा, मैं देशवासियों से अपील करता हूं कि सभी सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्‍मान करें और शांति बनाए रखें। प्रधानमंत्री ने सही कहा है कि इस फैसले में किसी की हार या जीत नहीं होगी। 

Ayodhya Case Verdict Highlights 

क्या है मामला

मुकदमें के मुताबिक, बाबर के आदेश पर 1528 में अयोध्या में राम जन्मभूमि पर विवादित ढांचे का निर्माण हुआ था। यह ढांचा हमेशा हिंदुओं और मुसलमानों के बीच विवाद का विषय रहा है। हिंदू विवादित स्थल को भगवान राम का जन्म स्थान मानते हैं और वहां अपने अधिकार का दावा करते हैं। जबकि मुस्लिम विवादित जमीन पर अपना मालिकाना हक मांग रहे हैं। छह दिसंबर, 1992 को विवादित ढांचा ध्‍वस्‍त हो गया था जिसका केस लखनऊ की अदालत में लंबित है।

हार या जीत के रूप में न लें : PM Modi  

अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर पीएम मोदी ने ट्वीट किया। उन्होंने कहा, 'देश के सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अयोध्या पर फैसले को किसी की हार या जीत के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। रामभक्ति हो या रहीमभक्ति, ये समय हम सभी के लिए भारतभक्ति की भावना को सशक्त करने का है। देशवासियों से अपील है कि शांति, सद्भाव और एकता बनाए रखें।' 

हाईकोर्ट ने दिया था यह आदेश

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 30 सितंबर 2010 को दिए फैसले में अयोध्या में 2.77 एकड़ की विवादित जमीन को तीन बराबर हिस्सों में बांटने का आदेश दिया था। इसमें एक हिस्सा रामलला विराजमान को, दूसरा निर्मोही अखाड़ा और तीसरा हिस्सा मुसलमानों को देने का आदेश था। हाईकोर्ट ने रामलला विराजमान को वही हिस्सा देने का आदेश दिया था जहां वे अभी विराजमान हैं। इसके खिलाफ सभी पक्षों ने सुप्रीम कोर्ट में 14 अपीलें दाखिल की थी।  

Posted By: Krishna Bihari Singh

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप