अयोध्या : निर्वाचन आयोग के आदेश पर चुनावी जुबानबंदी का सामना कर रहे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को रामनगरी पहुंचे और आस्था की हिलोर में जमकर डुबकी लगाई। उनका हेलीकाप्टर मध्याह्न रामनगरी की जुड़वा नगरी फैजाबाद की हवाई पट्टी पर उतरा। इसके बाद वे करीब सवा चार घंटे तक रामनगरी में रहे। मुख्यमंत्री बनने के बाद 25 माह की अवधि में यह योगी आदित्यनाथ की दसवीं अयोध्या यात्रा थी और इस दौरान उन्होंने रामलला का तीसरी बार दर्शन किया। हालांकि मुख्यमंत्री ने रामनगरी में प्रवास की शुरुआत अनुसूचित जाति के राजगीर महावीर के प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत नवनिर्मित आवास पहुंचकर की।

सियासत का जायका बनाने-बिगाड़ने वाली विवादित रामजन्मभूमि से चंद कदम के फासले पर स्थित मोहल्ला सुतहटी स्थित अपने आशियाने में प्रदेश सरकार के मुखिया को सामने पाकर महावीर की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उनकी पत्नी सावित्री ने पूरे परिवार के साथ आरती कर मुख्यमंत्री का स्वागत किया और अगले पल गुड़ और पानी से मुख्यमंत्री की प्यास बुझाने की कोशिश की। मुख्यमंत्री ने पूरी संजीदगी से गुड़ की डली मुंह में रख पानी पिया। महावीर के घर 10 मिनट तक प्रवास के दौरान स्टील के नए-चमचमाते बर्तनों में रोटी और तरोई की सब्जी खाई। परिवार के सभी सदस्यों से हालचाल पूछकर वे अशर्फीभवन पीठाधीश्वर जगद्गुरु श्रीधराचार्य के साथ निकले। उनका अगला पड़ाव अशर्फीभवन था। यहां स्वामी श्रीधराचार्य के साथ कुछ पल गुजारने के बाद वे मणिरामदासजी की छावनी पहुंचे और यहां रामजन्मभूमि के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपालदास से भेंट की। यहां उनके स्वागत में छावनी के उत्तराधिकारी महंत कमलनयनदास, रामवल्लभाकुंज के अधिकारी राजकुमारदास, नाका हनुमानगढ़ी के महंत रामदास, निर्वाणीअनी अखाड़ा के श्रीमहंत धर्मदास, दिगंबर अखाड़ा के महंत सुरेशदास, तिवारी मंदिर के महंत गिरीशपति त्रिपाठी, संत समिति के अध्यक्ष महंत कन्हैयादास, मानसभवन के महंत अर्जुनदास आदि नगरी के कई संत-महंत मौजूद रहे।

छावनी से मुख्यमंत्री का काफिला अपराह्न 1:30 बजे दिगंबर अखाड़ा पहुंचा। तब तक बड़ी संख्या में समर्थक उनका इकबाल बुलंद करने के लिए डट चुके थे। हालांकि निर्वाचन आयोग के रुख से हतप्रभ कार्यकर्ता मुख्यमंत्री की तरह मौन साधे रहे। सांसद एवं फैजाबाद लोकसभा क्षेत्र से पार्टी प्रत्याशी लल्लू सिंह, महापौर ऋषिकेश उपाध्याय, विधायक वेदप्रकाश गुप्त, जिला सहकारी बैंक के सभापति धर्मेंद्रप्रताप सिंह टिल्लू, सुभाषचंद्र बोस विचार केंद्र के अध्यक्ष शक्ति सिंह, भाजपा की प्रदेशीय कार्यसमिति के सदस्य अभिषेक मिश्र, जिलाध्यक्ष अवधेश पांडेय बादल, महानगर अध्यक्ष कमलेश श्रीवास्तव, महामंत्री परमानंद मिश्र, विधायक प्रतिनिधि अमल गुप्त आदि प्रमुख रूप से शामिल रहे। दिगंबर अखाड़ा में मुख्यमंत्री ने डेढ़ घंटे तक प्रवास किया। दिगंबर अखाड़ा के बाद उनका अगला पड़ाव सुग्रीवकिला बना। सुग्रीवकिला के बाद मुख्यमंत्री हनुमानगढ़ी पहुंचे। यहां उनके साथ कई शीर्ष संतों सहित राममंदिर निर्माण के लिए अभियान चलाने वाले बब्लू खान एवं कई अन्य मुस्लिमों ने हनुमानचालीसा का पाठ किया। मुख्यमंत्री ने अपनी यात्रा का समापन रामलला के दर्शन एवं पुण्यसलिला सरयू के पूजन से किया।

Posted By: Jagran