जागरण संवाददाता, इटावा : शुक्रवार को तड़के से कई बार रुक-रुककर मूसलाधार बारिश का सिलसिला शुरू हुआ जो अपराह्न तक थमा नहीं। बीते गुरुवार की सुबह साढ़े आठ से बीते 24 घंटों में समूचे जनपद में औसतन 15.33 मिमी बारिश दर्ज की गई। तापमान सुबह न्यूनतम 26 तो दोपहर में अधिकतम 31 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिन में बारिश जोरदार होने से कई जगह दीवार और कच्चे घर ढह गए। नगर पालिका का नाला सफाई अभियान धरातल पर सही ढंग से न चलाए जाने के कारण समूचा शहर तालाब के रूप में नजर आया। कई जगह दो से तीन फीट की गहराई का पानी सड़कों पर नदी के रूप में बहता नजर आया। दुकानों में पानी भरने से व्यापारियों ने जमकर आक्रोश व्यक्त किया।

कहा जाता है कि 12 साल का सूखा बर्दाश्त किया जा सकता है लेकिन एक घंटे की मूसलाधार बारिश सहना मुश्किल है। यह कहावत शहर में तड़के से अपराह्न के मध्य तीन-चार मूसलाधार बारिश होने से सटीक साबित हुई। बारिश के बेतहाशा पानी की समुचित निकासी न होने से शहर का शायद ही कोई हिस्सा ऐसा हो जो जलमग्न न हुआ हो। कहीं-कहीं तो दो से तीन फीट गहरा पानी भर जाने से आवागमन ठप हो गया। विवशता के तहत निकलने वाले अंजान गड्ढों में गिरकर चोटिल हुए। कृषि मौसम विज्ञानी डा. एसएन सुनील पाण्डेय ने बताया कि अभी इसी तरह की बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। सोमवार से मौसम साफ होगा लेकिन कहीं हल्की तो कहीं ज्यादा बारिश होती रहेगी।

शहर के प्रमुख बाजार में बदहाली

बारिश से शहर के प्रमुख बाजार में बदहाली का आलम देखने को मिला, सड़कों पर नदी के रूप में बह रहा पानी अधिकांश दुकानों में घुस गया जिससे कई दुकानदारों का सामान खराब हो गया। कई दुकानों में तो चार पहिया वाहनों के आवागमन से पहुंचा। इससे काफी संख्या में दुकानदारों ने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि नगर पालिका के अधिकारियों की लापरवाही का खामियाजा दुकानदारों को भुगतना पड़ रहा है।

खाली प्लाट से घरों में पानी

शहर की फ्रेंड्स कालोनी, पक्का बाग, गांधीनगर, अड्डा श्याम लाल, सराय दयानत आदि स्थानों पर खाली प्लाट में भरा पानी उनके आसपास के घरों में जा घुसा लोगों को कड़ी मशक्कत करके घरों से पानी निकालना पड़ा।

कई मोहल्लों में बदतर हालात

विजय नगर, पचावली, रोड, शिवा कालोनी, रामनगर रेलवे क्रासिग, मनोरंजन सदन रेलवे कालोनी, दुर्गा कालोनी सहित कई मोहल्लों में जलभराव होने से लोगों का आवागमन तो प्रभावित हुआ ही साथ ही पानी से सामान भी खराब हुआ।

बरेली हाईवे-मंडी में बदतर हालात

बरेली हाईवे पर भरथना चौराहा से कृषि मंडी के उत्तरी किनारे तक हालात उफनाती हुई नदी जैसे नजर आए। करीब तीन फीट गहरा पानी भरा था, विवशता के तहत आवागमन करने वालों का बुरा हाल था। गल्ला मंडी आढ़तिया प्रदीप यादव तथा सब्जी मंडी आढ़ती मोहम्मद इमरान राइनी ने बताया कि झमाझम बारिश का सिलसिला बीते चार दिनों से चल रहा है तब से मंडी परिसर तथा दुकानों तक जलभराव होने से हालात बदतर बने हुए हैं। मंडी प्रशासन ने जल निकासी के कोई प्रबंध नहीं किए हैं।

एएसपी आवास में भरा पानी

एएसपी ग्रामीण ओमवीर सिंह के मनोहर कालोनी स्थित आवास में पानी भर गया हालात इस कदर गंभीर हो गए कि फायर ब्रिगेड बुलाकर पानी की निकासी कराई गई। इसी तरह विकास भवन परिसर, कलेक्ट्रेट परिसर, जिला अस्पताल परिसर सहित कई सरकारी कार्यालयों के कैंपस में जलभराव हो गया।

18 पंपिग सेट से पानी निकासी

नवागत अधिशाषी अधिकारी विनय कुमार मणि त्रिपाठी ने बताया कि शहर में जलभराव को लेकर 18 सफाई नायकों को मोहल्ला बाइज पंपिग सेट देकर पानी की निकासी कराई जा रही है। इसके अलावा टीम के साथ नगर भ्रमण करके हालात देख रहे हैं, जहां ज्यादा जलभराव हैं वहां टैंक साफ करने वाली टैंकर मशीन को लगाया गया है। बारिश थमने तक काफी हद तक जल निकासी हो जाएगी।

Edited By: Jagran