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कार्यालय में काम निपटा रहे थाना प्रभारी को आया हार्ट अटैक, एंबुलेंस न मिलने से मची अफरातफरी

Published: Fri, 06 Feb 2026 04:30 PM (IST)

इटावा के सहसों थाना प्रभारी अलमा अहिरवार को कार्यालय में काम करते समय दिल का दौरा पड़ा और वे बेहोश ...और पढ़ें

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HighLights

  1. थाना प्रभारी अलमा अहिरवार को कार्यालय में हार्ट अटैक आया।

  2. एंबुलेंस न मिलने पर पुलिस वाहन से अस्पताल पहुंचाया गया।

  3. इटावा में आपातकालीन एंबुलेंस सेवाओं पर उठे गंभीर सवाल।

जागरण संवाददाता, इटावा। बुधवार रात सहसों थाना प्रभारी निरीक्षक अलमा अहिरवार को उस वक्त हार्ट अटैक पड़ गया, जब वह कुर्सी पर बैठे कार्यालय में काम निपटा रहे थे। अचानक उनकी तबीयत बिगड़ी और वह बेहोश होकर गिर पड़े।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में अफरा-तफरी मच गई। आनन-फानन में उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र राजपुर ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने प्राथमिक उपचार करते हुए ऑक्सीजन लगाई और रात में ही जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। उनके लिए एंबुलेंस मंगाई गई लेकिन एंबुलेंस नहीं आयी जिससे स्थिति और चिंताजनक हो गई।

मामले की जानकारी सीओ अवनीश कुमार सिंह ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बृजेश कुमार श्रीवास्तव को दी। इसके बाद पुलिस ने अपनी सरकारी गाड़ी से निरीक्षक को सैफई आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय पहुंचाया, जहां डाक्टरों ने तुरंत इलाज शुरू किया।

अस्पताल में एसएसपी सहित जिले के अन्य अधिकारी भी पहुंच गए। गुरुवार को बेहतर इलाज के लिए स्वजन उन्हें दिल्ली ले गए है।

सीएचसी अधीक्षक महेशपाल सिंह ने बताया प्रभारी निरीक्षक शाम को आये थे उनका बीपी बढ़ा हुआ था और वह बेहोश थे। इसलिए तुरंत उपचार के बाद आक्सीजन लगाकर जिला अस्पताल रेफर कर दिया था।

सीओ अवनीश कुमार सिंह ने बताया सहसों प्रभारी निरीक्षक की अचानक तबियत खराब हुयी थी। एंबुलेंस नहीं मिली थी इसलिए अपनी गाड़ी से यूपीयूएमएस में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद क्षेत्रीय लोगों ने एंबुलेंस सेवा की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।

लोगों का कहना है कि यह पहली बार नहीं है जब समय पर एंबुलेंस नहीं मिली। करीब डेढ़ माह पहले नगला कढ़ोरी के पूर्व प्रधान पर हुए जानलेवा हमले के मामले में भी लगभग एक घंटे तक इंतजार करने के बाद भी एंबुलेंस नहीं मिली थी। बार-बार ऐसी घटनाएं होने से आपात सेवाओं की तैयारियों पर सवाल उठ रहे हैं और जिम्मेदारों से व्यवस्था सुधार की मांग तेज हो गई है।क