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देवरिया में बाढ़ से चौपट हुई किसानों की मेहनत, लागत निकालना भी मुश्किल

Published: Sat, 24 Oct 2026 04:42 PM (GMT+05:30)

देवरिया के कपरवार खादर और बांगर गांवों में बाढ़ के पानी से किसानों की धान, अरहर, मक्का सहित कई फसलें ...और पढ़ें

यह तस्वीर एआई द्वारा बनाई गई है।

यह तस्वीर एआई द्वारा बनाई गई है।

HighLights

  1. कपरवार गांवों में बाढ़ से किसानों की फसलें नष्ट हुईं।

  2. धान, अरहर, मक्का, बाजरा और सब्जियों को भारी नुकसान।

  3. किसान मुआवजे और फसल क्षति सर्वे की कर रहे मांग।

संवाद सूत्र, कपरवार। बरहज तहसील क्षेत्र के कपरवार खादर और बांगर गांवों में बाढ़ का पानी भरने से किसानों की फसल नष्ट होने के कगार पर पहुंच गई है। धान, अरहर, मक्का, बाजरा और सब्जियों की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। फसल क्षति का सर्वे नहीं होने से प्रभावित किसानों में नाराजगी है। किसानों ने प्रशासन से राजस्व विभाग की टीम भेजकर नुकसान का आकलन कराने और नियमानुसार मुआवजा दिलाने की मांग की है।

किसान ज्ञानेश्वर सिंह ने बताया कि बाढ़ ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। बीज, खाद, जोताई और अन्य कृषि कार्यों पर पूंजी लगाने के बाद फसल बर्बाद होने से लागत निकालना भी मुश्किल हो गया है। ऐसे में किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

उन्होंने प्रशासन से प्रभावित खेतों का स्थलीय निरीक्षण कराकर नुकसान का सही आकलन कराने की मांग की। किसान शांति देवी के अनुसार, खेतों में पानी भरने से धान, अरहर, मक्का और बाजरे की फसल प्रभावित हुई है।

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