धामपुर (बिजनौर) : महाशिवरात्रि के पर्व से पहले जल लेकर लौट रहे शिवभक्तों का तहसील क्षेत्र में आगमन शुरू हो गया है। नगर में बोल बम और हर-हर महादेव के नारों के गूंज उठा। धामपुर व नहटौर क्षेत्र में हरिद्वार की ओर से शिव भक्त आना शुरू हो गए हैं, जगह-जगह उनके स्वागत और ठहरने के लिए शिविर लगाए गए हैं। पुलिस ने भी सुरक्षा और यातायात के पुख्ता इंतजाम किए हैं।

धामपुर में रेलवे स्टेशन, पुराना धामपुर चुंगी, शीला टाकिज के पास सहित कई स्थानों पर कांवड़ियों के ठहरने की व्यवस्था के लिए शिविर लगाए गए हैं। यहां कांवड़ियों की सेवा में कई लोग दिन रात लगे हुए हैं, उनके लिए चाय, नाश्ते व खाने की व्यवस्था की गई है। साथ ही शिविर में कांवड़ पकड़ने के लिए बच्चे व बड़े भी जुटे हुए हैं। नगीना रोड व चौराहे पर पुलिस ने कांवड़ियों की सहुलियत के लिए यातायात व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए हैं। बड़ा शिव मंदिर व भगत सिंह चौक पर भी कांवड़ियों के स्वागत के लिए कई लोग सेवा में लगे हुए हैं। वहीं, नहटौर क्षेत्र में महाशिवरात्रिके चलते शिवलिग पर जलाभिषेक के लिए हरिद्वार से पदयात्रा द्वारा बरेली, अमरोहा, जोया व मुरादाबाद आदि जनपदों के शिवभक्तों का आना शुरू हो गया है। शिवभक्तों की सेवा के लिए नहटौर-कोतवाली मार्ग से लेकर कई जगहों तक सामाजिक संगठनों द्वारा शिविरों का आयोजन किया है। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस ने आठ स्थानों पर व्यवस्था की है। कोतवाल जीत सिंह ने बताया कि हर पिकेट पर दरोगा व दो सिपाही लगाए गए हैं।

आकू : नगर में लगाए गए शिविरों का शुक्रवार को कोतवाल ने मौके पर जाकर निरीक्षण किया। इस दौरान बाहर से आने वाले कावंड़ियों की शिविर संचालकों को उपस्थिति दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं। कोतवाल जीत सिंह ने नहटौर में कोतावली मार्ग से पैंजनिया मार्ग पर लगने वाले सेवार्थ शिविरों का निरीक्षण किया। अधिकारी ने शिविर संचालकों से असामाजिक तत्वों पर रोक लगाने व अव्यवस्था पर रोक के आदेश दिए।

Posted By: Jagran