बिजनौर, जेएनएन। मानव जीवन जल पर निर्भर है। जब तक जल है, तब तक जीवन है। जल संरक्षण के प्रति अलख जगाने के अलावा हमें बच्चों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ जल संरक्षण का पाठ भी पढ़ाना होगा। यह विचार इनरव्हील क्लब की ओर से आयोजित गोष्ठी में साहित्यकार रश्मि अग्रवाल ने व्यक्त किए।

नजीबाबाद के बालसदन मांटेसरी स्कूल में आयोजित गोष्ठी में रश्मि अग्रवाल ने कहा कि जब बच्चे अभी से जल की अहमियत समझना शुरू करेंगे तो निश्चित ही अगले कुछ वर्षो में न केवल पानी की बर्बादी काफी कम हो जाएगी, बल्कि जल संरक्षण की सोच लोगों के मन में विकसित होगी। इनरव्हील क्लब की अध्यक्ष रमा शुक्ला ने कहा कि आज जल बचाया, तो हमारा कल बचेगा। वरना न जल रहेगा और न कल।

प्रधानाचार्या किरन जौहर एवं प्रबंधक डा.एसके जौहर ने कहा कि व्यर्थ बहाया गया पानी तो बर्बाद होता ही है, यह विभिन्न रूपों में समस्या का कारण भी बनता है। कई जगह गंदे पानी से संक्रामक बीमारी फैलती है। निक्की भारद्वाज, अंजना राजपूत, बीना शर्मा, गीता कौशिक ने भी विचार रखे। विशाल, सानिया, हर्ष, मान्या, जैनब, उदय, हुसैन, अरनव आदि बच्चों ने जल से जुड़े विभिन्न पहलुओं को शब्दों में पिरोया। रश्मि अग्रवाल के संचालन में हुई गोष्ठी में मीरा मित्तल, रमा अग्रवाल, सीमा कपूर, डा.पुष्पलता इंदू आदि क्लब से जुड़ी महिलाएं उपस्थित रहीं। -गोष्ठी में बच्चों को दिए खास टिप्स

शावर एवं बड़े टब में नहीं नहाएं

बाल्टी में पानी लेकर उससे नहाएं

कहीं नल खुला देखें तो उसे बंद करें

टूथपेस्ट करते समय टोंटी बंद रखें

वर्षा जल को वाटर हारवेस्टर से संचित करें

Edited By: Jagran