भीमगौड़ा बैराज से छोड़ा 2.12 लाख क्यूसेक पानी; बिजनौर के गांवों में अलर्ट, किसानों को गंगा पार न जाने की हिदायत
भीमगौड़ा बैराज से 2.12 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने के बाद बिजनौर के गंगा तटीय गांवों में हाई अलर्ट जारी ...और पढ़ें

भीमगौड़ा बैराज से पानी छोड़े जाने पर बिजनौर में उफनी गंगा की धारा। जागरण
HighLights
भीमगौड़ा बैराज से 2.12 लाख क्यूसेक पानी गंगा में छोड़ा।
बिजनौर के गंगा तटीय गांवों में हाई अलर्ट जारी किया गया।
किसानों को गंगा पार जाने या खेतों में जाने से रोका गया।
जागरण संवाददाता, बिजनौर। मैदान के साथ ही पिछले दो दिन से पहाड़ों पर हो रही लगातार बरसात से भीमगौड़ा बैराज से गंगा में दो लाख क्यूसेक से अधिक पानी छोड़ा गया है। पानी दोपहर में तीन बजे तक बिजनौर गंगा बैराज तक पहुंच गया। गंगा के उफान तटीय गांवों में हाईअलर्ट जारी कर दिया गया है। किसानों को गंगा के पास के खेतों या गंगा पार न जाने को कहा गया है।
पहाड़ों की बरसात का पानी गंगा में आता है।
बरसाती नदियां मालन और सोलानी भी जिले में गंगा में समाती हैं। बरसात और दो नदियों के मिलन से गंगा उफन जाती है। दो दिन से मैदान के साथ ही पहाड़ों पर भी बरसात हो रही है। बरसात से पहले गंगा में भीमगौड़ा बैराज से लगभग 47 हजार क्यूसेक पानी चल रहा था। रविवार सुबह लगभग आठ बजे भीमगौड़ा बैराज से 2.12 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। लगभग दो बजे तक गंगा बैराज पर पानी का स्तर बढ़ने लगा। दो बजे तक एक लाख और तीन बजे तक डेढ़ लाख क्यूसेक पानी गंगा बैराज से पास हो रहा था।
गंगा बैराज पर रात लगभग नौ बजे तक गंगा का जलस्तर सवा दो लाख क्यूसेक तक जाने का अनुमान है। गंगा बैराज से पहले तक गंगा के पानी से कोई समस्या नहीं आती है लेकिन इसके आगे जलीलपुर क्षेत्र के कई तटीय गांवों में एक-सवा लाख पानी पर भी बाढ़ के हालात बन जाते हैं। सिंचाई विभाग ने दोपहर से पहले ही प्रशासन को गंगा में पानी बढ़ने के बारे में बता दिया था। प्रशासन ने किसानों को गंगा के पास के खेतों में न जाने के बारे में बता दिया।
रविवार शाम तक चल रहा था 60 हजार क्यूसेक पानी
गंगा में रविवार शाम को 60 हजार क्यूसेक पानी तक चल रहा था। पानी बढ़कर 2.12 क्यूसेक होने पर गंगा बैराज से 2.25 लाख क्यूसेक पानी निकलने का अनुमान है। पानी बहुत अधिक नहीं बढ़ेगा क्योंकि खादर में काफी पानी फैल जाता है। इस समय मालन और सोलानी में पानी बहुत कम हैं। अगर ये नदियां भी उफान पर होती तो गंगा में या ढाई लाख क्यूसेक से अधिक पानी हो सकता था। सिंचाई विभाग की टीम ने रावली बैराज तटबंध और मालन नदी के तटबंध पर डेरा डाल दिया है।
भीमगौड़ा बैराज से छोड़ा गया 2.12 लाख क्यूसेक पानी
गंगा में भीमगौड़ा बैराज से 2.12 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। रात नौ बजे तक गंगा बैराज में पानी का स्तर सवा दो लाख क्यूसेक तक जा सकता है। इसके बाद पानी कम होना शुरू हो जाएगा।-कर्णपाल सिंह, अधिशासी अभियंता- सिंचाई विभाग
