जेएनएन, बिजनौर। प्रदेश भर से एडवांस लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस पर तैनात स्टाफ हटाए जाने से क्षुब्ध सभी एंबुलेंस चालकों एवं अन्य स्टाफ की हड़ताल बुधवार को तीसरे दिन भी जारी रही। अपनी मांगों को लेकर एंबुलेंस स्टाफ का एक प्रतिनिधिमंडल बुधवार को एंबुलेंस के नोडल अधिकारी से मिला।

एडवांस लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस स्टाफ को हटाने के विरोध में एंबुलेंस स्टाफ का धरना व हड़ताल बुधवार को तीसरे दिन भी जारी रही। एंबुलेंस स्टाफ ने मंगलवार को बाईपास रोड पर धरना देकर प्रदर्शन भी किया। एंबुलेंस स्टाफ एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष पवन चौहान ने एंबुलेंस स्टाफ को न्यूनतम वेतन दिलाने एवं स्टाफ को एनएचएम में शामिल करने की मांग दोहराई। कहा कि जब तक सभी स्टाफ को वापस नहीं रखा जाएगा, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। लखनऊ में चल रहे धरने में शामिल होने के लिए एक बस गई है। वर्तमान में जिले में 102 एंबुलेंस 31, 108 एंबुलेंस 33 एवं एएलएस तीन एंबुलेंस चल रही है। एंबुलेंस पर तैनात स्टाफ का ठेका लेने वाली दिगित्सा हेल्प केयर ने प्रदेश भर में एएलएस एंबुलेंस पर तैनात स्टाफ समेत जिले में चल रही तीन एएलएस से सभी 12 कर्मचारियों को हटा दिया है। चार एंबुलेंस का संचालन

एंबुलेंस एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष पवन चौहान का कहना है कि गंभीर मरीजों की परेशानी को देखते हुए चार एंबुलेंस का संचालन शुरू है। इसके अलावा सड़क दुर्घटनाओं में घायल होने वाले गंभीर रोगियों के लिए तुरंत एंबुलेंस उपलब्ध कराई जाएगी। हड़ताल के बावजूद सूचना मिलने पर रोगियों को सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया है। एंबुलेंस की चाबी मांगी

एंबुलेंस स्टाफ का एक प्रतिनिधिमंडल बुधवार को एंबुलेंस के नोडल अधिकारी एसीएमओ डा. एसके निगम से मिला तथा अपनी मांगें दोहराई। एंबुलेंस स्टाफ का कहना है कि डा. एसके निगम ने एंबुलेंस स्टाफ से सभी एंबुलेंस चलाने को कहा, अन्यथा की स्थिति सभी एंबुलेंस की चाबी एवं सीयूजी फोन जमा कराने को कहा है। डा. एसके निगम का कहना है कि जिलाधिकारी के निर्देश पर अगली कार्रवाई की जाएगी।

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