जागरण संवाददाता, बरेली : ईद को लेकर बनी कशमकश की स्थिति दूर हो गई है। जुमेरात (गुरुवार) को चांद के दीदार नहीं हुए। लिहाजा जुमा (शुक्रवार) को जुमातुल विदा की नमाज पढ़ी जाएगी। शहर काजी मुफ्ती असजद रजा खां कादरी और दरगाह आला हजरत के सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रजा कादरी ने जुमे के रोज चांद देखने का आह्वान किया है। इस पैगाम के साथ कि चांद नजर आने पर शरई शहादत (गवाही) पेश करें।

दरअसल, देवबंद मसलक और शिया समुदाय ने 17 मई से रोजे रखे थे। जुमेरात को इनके 29 रोजे पूरे हो गए। इसीलिए इस दिन चांद देखने का एहतमाम किया गया। चांद नहीं दिखा। वहीं सुन्नी बरेलवी मसलक ने पहले ही पंद्रह जून को जुमातुल विदा की नमाज पढ़ने का एलान कर दिया था। हालांकि असमंजस यह बना था कि अगर जुमेरात को चांद दिख गया तो क्या होगा। जुमेरात को भी दिनभर कयासबाजी का दौर चलता रहा। लोग आशंकित थे कि क्या इस बार ईद भी अलग-अलग दिन मनाई जाएगी। बहरहाल शाम ढलते ही कशमकश के बादल भी छंटते गए। अब जुमे को चांद को निगाहें तलाशेंगी। दरगाह आला हजरत से जुड़े नासिर कुरैशी के मुताबिक जुमा को चांद देखा जाएगा। चांद की शरई शहादत होने पर ईद मनाई जाएगी। बहरहाल, मस्जिदों में जुमातुल विदा की नमाज अदा करने का वक्त पहले से तय है।

----------- चांद की शहादत को कमेटी गठित

-चांद की शरई शहादत पेश करने के वास्ते मरकजी दारुल इफ्ता दरगाह आला हजरत की रोयते हिलाल के सरपरस्त शहर काजी मुफ्ती असजद रजा खां कादरी ने एक कमेटी बनाई है। इसके अलावा हेल्पलाइन नंबर 94121-48686 और 72481-78692 जारी किया है। देश और प्रदेश के जिलों में नुमाइंदे नियुक्त किए गए हैं। चांद दिखे तो फौरन शहादत मिल जाए। शहर काजी के प्रवक्ता खलील कादरी ने बताया कि चांद दिखते ही फौरन हेल्प लाइन पर संपर्क करें।

------------ 12:30 बजे जुमातुल विदा

-शिया यूनाइटेड मूवमेंट के प्रवक्ता समर अब्बास जैदी ने बताया कि कहीं भी चांद नजर नहीं आया है। इसलिए जुमे को 12:30 बजे जुमातुल विदा की नमाज अदा की जाएगी।

By Jagran