जागरण संवाददाता, बरेली : बिजली के टूटे तार ने एक किसान की जान ने ली। ग्रामीणों ने सप्लाई बंद कराने के लिए उपकेंद्र पर फोन किया, मगर कर्मी ने नहीं उठाया। विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाकर गुस्साए लोगों ने बरेली-रामपुर हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया। पुलिस ने खदेड़ा तो भीड़ ने पथराव कर दिया। एसडीएम व सीओ ने मामला शांत कराया। पुलिस ने बिजली विभाग के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

गांव पैगानगरी निवासी विजय गंगवार शुक्रवार सुबह लगभग सात बजे गन्ना बोवाई के लिए खेत पर जा रहे थे। चकरोड पर हाईटेंशन लाइन का तार टूटा पड़ा था, जिसमें करंट दौड़ रहा था। जिसकी चपेट में आने से वह झुलस गए। ग्रामीण उन्हें उपचार के लिए बरेली ले गए, जहां डाक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। ग्रामीणों ने बरेली-रामपुर हाईवे पर मृतक का शव रखकर जाम लगा दिया। विभाग के विरुद्ध मुर्दाबाद के नारे लगने लगे। हंगामे पर प्रभारी निरीक्षक दयाशकर ,फतेहगंज पश्चिमी प्रभारी राहुल सिंह ,शाही थाना प्रभारी अरविंद कुमार फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। कुछ देर में एसडीएम कमलेश कुमार सिंह ,सीओ सुनील कुमार राय भी आ गए। दोनों अफसरों ने ग्रामीणों को समझाया मगर वे हाईवे से नहीं हटे। ग्रामीणों का कहना था कि मामले में बिजली विभाग के अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज किया जाए। उन्हें मौके पर बुलाया जाए। पीड़ित परिवार को मुआवजा मिले। इस दौरान ग्रामीणों को बताया गया कि एसडीओ जिले से बाहर हैं। उधर, जाम के कारण वाहनों की लंबी कतारें लग गई। ऐसे में पुलिस को जाम खुलवाने के लिए हल्का बल का प्रयोग करना पड़ा। इस दौरान गुस्साई भीड़ ने पुलिस पर पत्थर फेंके। हालांकि, डेढ़ घंटे बाद जाम खुल गया। पुलिस ने मृतक के भाई से तहरीर लेकर बिजली विभाग के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। शाम को शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। विजय गंगवार की डेढ़ साल पहले शादी हुई थी। उनके कोई संतान नहीं है। थाना प्रभारी निरीक्षक दयाशंकर ने बताया कि मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

इनसेट

जाम लगाने व पथराव करने के मामले में 77 पर मुकदमा

-हाईवे जाम करने, सरकारी कार्य में बाधा डालने व पथराव करने के आरोप में दारोगा देवराज की ओर से 27 नामजद और 50 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। ड्यूटी कर्मी के खिलाफ होगी कार्रवाई, मांगी रिपोर्ट

एसडीओ (विद्युत) हरीओम पवार ने बताया कि घटना का दुखद है। विद्युत उपकेंद्र पर फोन का न उठना गंभीर मामला है। ड्यूटी कर्मी के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। चूंकि कंट्रोल रूम आवश्यक सेवाओं में आता है। उन्होंने अवर अभियंता से रिपोर्ट मागी है। तहसील मुख्यालय पर दो विद्युत उपकेंद्र ( ग्रामीण व नगरीय) है, मगर एक पर भी अवर अभियंता नहीं है। ग्रामीण विद्युत उपकेंद्र का अतिरिक्त प्रभार विद्युत उपकेंद्र के जेई सोमप्रकाश ,जबकि नगरीय विद्युत उपकेंद्र का अतिरिक्त प्रभार सरायतल्फ़ी विद्युत उपकेंद्र के जेई रामाशकर पर है।

Edited By: Jagran