जेएनएन, बरेली: पहले शोहदा हाथ धो कर एक छात्रा के पीछे पड़ गया। राह चलते छेड़ने लगा। अश्लील कमेंट करने लगा। परेशान छात्रा ने स्कूल जाना बंद कर दिया। परिजनों ने तहरीर दी। पुलिस ने आरोपित को हिरासत में ले लिया। शोहदे के परिजन छात्रा के घर गए। दोनों पक्ष उसके बाद थाना पहुंचे। यहां शोहदे ने छात्रा व उसकी मां के पैर पकड़ लिए। बोला, मुझे माफ कर दो, मुझसे गलती हो गई, अब नहीं होगी। छात्रा ने शोहदे को माफ कर दिया। पुलिस ने भी दया दिखाई, उसे जेल भेजने की बजाय छोड़ दिया। यह घटना हाफिजगंज थाना क्षेत्र की है। एक गांव की छात्रा जूनियर हाईस्कूल में पढ़ती है। स्कूल जाते समय गांव का ही युवक उसके साथ छेड़छाड़ करता था। रास्ते में रोकर भद्दे कमेंट करता था। छात्रा ने परिजनों को इसकी जानकारी दी। उन्होंने आरोपित के घर शिकायत की। नाराज शोहदे ने गुरुवार को उसे रास्ते में घेर लिया। शिकायत करने पर उसका फोटो खींचकर सोशल मीडिया में वायरल करने की धमकी दी। छात्रा ने स्कूल जाना बंद कर दिया। छात्रा के पिता ने परेशान होकर शुक्रवार को थाने में तहरीर दी। पुलिस ने आरोपित को हिरासत में ले लिया। पूरी रात उसे थाने में बैठाए रखा। सुबह होते ही आरोपित के परिजन लड़की के घर जा पहुंचे। उसके परिजनों से फैसला करने को कहने लगे। दोनों पक्ष थाना हाफिजगंज पहुंचे। जहां शोहदे ने छात्रा व उसकी मां से माफी मांगी। जासं, बरेली : महिलाओं के प्रति होने वाले अपराधों पर रोक लगाने के लिए सरकार से लेकर अधिकारी तक भले ही सख्त हों लेकिन किला पुलिस अब भी बेपरवाह बनी हुई है। शुक्रवार को किला में बीमार माता-पिता से मिलने आई एक महिला से मकान मालिक व दो किराएदारों ने नशे में दुष्कर्म का प्रयास किया। विरोध पर उसे निर्वस्त्र कर दिया। पीड़िता की सूचना पर यूपी 100 पहुंची और महिला को थाने भेजा। लेकिन पुलिस ने उसे टरका दिया और मुकदमा दर्ज नहीं किया। किला निवासी महिला ने बताया कि उसके बुजुर्ग माता-पिता किराए पर रहते हैं। इन दिनों वे बीमार हैं तो वह बच्चों के साथ उन्हें देखने आई थी। शुक्रवार रात वह मां के साथ बैठी थी। इसी दौरान मकान मालिक हरपाल, किराएदार सर्वेश और भूरा के साथ आया और उसे देख अभद्र टिप्पणी की। विरोध पर वे उसे सर्वेश के कमरे में घसीट कर ले गए। जहां उसके कपड़े फाड़कर दुष्कर्म का प्रयास किया। चीख सुनकर किराए पर रह रहे अन्य लोगों व उसके बच्चों के साथ माता पिता ने किसी तरह उसे बचाया। उसने तत्काल कंट्रोल रूम को शिकायत की तो यूपी 100 पहुंची और उसे थाने जाकर तहरीर देने को कहा। जब वह थाने पहुंची तो उसकी सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद उसने एसएसपी से शिकायत की तो दूसरे दिन मुकदमा दर्ज किया गया।