बरेली, जेएनएन। Bareilly Weather News Update Today  : सर्दी का सितम सोमवार को भी जारी रहा। रविवार की तरह सोमवार को धूप नहीं खिली। कोहरे की चादर ओढ़े धूप को देखकर सर्दी ने कहर ढा दिया। शीतलहर की वजह से ठिठुरन काफी बढ़ गई। इससे लोग दिन में ठिठुरते नजर आए। मौसम विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार पछुआ हवा चलने के साथ ही दिन में कोहरे की धुंध छा रही है। इससे धूप नहीं खिल पा रही है। इससे तापमान में खासी बढ़ोत्तरी नहीं हो पा रही है। सोमवार का तापमान रविवार की तुलना में 1.8 डिग्री सेल्सियस बढ़कर 12.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया लेकिन फिर सामान्य से सात डिग्री सेल्सियस कम रहा। वहीं, न्यूनतम तापमान 8.3 डिग्री सेल्सियस रहा।

इस बारे में पंतनगर कृषि एवं मौसम वैज्ञानिक डा. आरके सिंह का कहना है कि मौसम बुधवार से बदलाव होगा। अभी यही स्थिति रहेगी। 19 जनवरी के बाद बादल छाने के साथ ही बूंदाबांदी और बारिश हो सकती है। उसके बाद सर्दी से कुछ राहत मिल सकती है।

मसूरी और मुक्तेश्वर से ठंडा रहा बरेली

सर्दी की भयावहता यह रही कि मसूरी में 13 सेल्सियस और मुक्तेश्वर में 14.5 सेल्सियस से बरेली अधिक ठंडा रहा। अधिकतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस पर पहुंचने की वजह से सर्दी ने बीते कई वर्षों का रिकार्ड तोड़ दिया है। मौसम में अचानक आए बदलाव की वजह से रविवार को सुबह से छाया कोहरा दोपहर तक रहा। दोपहर तक धूप नहीं खिली तो सर्दी के तेवर और तीखे हो गए। शहर में सुबह से लेकर रात तक तमाम स्थानों पर अलाव जलते नजर आए। लोगों को सर्दी का एहसास ज्यादा रहा। कई स्थानों पर लोगों ने खुद ही लकड़ी की व्यवस्था करके अलाव जलाए।

मौसम विभाग से प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक रविवार को अधिकतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से करीब नौ डिग्री कम है। वहीं, न्यूनतम तापमान 8.6 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि यह सर्दी पछुआ हवा, शीतलहर और कोहरे की वजह से हो रही है। कोहरे की वजह से धूप नहीं खिल पा रही है। इससे शीतलहर ज्यादा घातक साबित हो रही है।

19 तक रहेगी शीतलहर, रखें ध्यान

मौसम वैज्ञानिक डा. आरके सिंह का कहना है कि 19 जनवरी तक शीतलहर और कोहरा जारी रहेगा। इससे लोगों को फिलहाल सर्दी से राहत मिलती नजर नहीं आ रही है। 19 के बाद मौसम में बदलाव आएगा।

रबी की फसलों के लिए सर्दी फायदेमंद

मौसम में आए बदलाव की वजह से आम जन से लेकर पशुओं की हालत खराब रही, लेकिन यह मौसम रबी की फसलों के लिए फायदेमंद बताया जा रहा है। इस बारे में पंतनगर कृषि विश्वविद्यालय के कृषि एवं मौसम वैज्ञानिक डा. आरके सिंह ने बताया कि यह मौसम की रबी की फसलों, गेहूं, जौं और चना आदि के लिए काफी फायदा होता है। इस समय कोहरा भी बहुत घना नहीं है। ऐसे में फसलों को कोई खास नुकसान नहीं है। कोहरा ज्यादा होने पर फसलों को नुकसान हो सकता है। 

Edited By: Ravi Mishra