बरेली में जमीन खरीदना हुआ महंगा, आज से लागू हुए नए सर्किल रेट, डीडीपुरम में 11 हजार तक बढ़ोतरी
बरेली जिले में आज से जमीनों की खरीद-फरोख्त महंगी हो गई है, नए सर्किल रेट लागू होने से 20 प्रतिशत ...और पढ़ें

HighLights
बरेली में आज से लागू हुए नए सर्किल रेट।
जमीनों की खरीद-फरोख्त 20 प्रतिशत तक महंगी हुई।
डीडीपुरम सहित कई क्षेत्रों में दरों में वृद्धि।
जागरण संवाददाता, बरेली। जिले में एक सितंबर से जमीनों की खरीद-फरोख्त महंगी हो जाएगी। डीएम के हस्ताक्षर के बाद नए सर्किल रेट लागू कर दिए गए हैं। तेजी से विकसित हो रही कालोनियों में करीब 20 प्रतिशत तक रेटों में बढ़ोतरी की गई है। वहीं, जहां भूमि की बिकवाली कम थी, वहां सबसे कम पांच प्रतिशत तक दाम बढ़ाए गए हैं। सर्किल रेट बढ़ने के साथ ही खरीदारों को स्टांप शुल्क भी अधिक देना होगा।
निबंधन विभाग ने बीते दिनों जिले में जमीनों के सर्किल रेट 20 प्रतिशत तक बढ़ाने के प्रस्ताव तैयार किए थे। लोगों से उस पर आपत्तियां मांगी गईं। आपत्तियों के निस्तारण के बाद नई प्रस्तावित दरों को लागू कर दिया गया है। सदर प्रथम और सदर द्वितीय (शहरी) क्षेत्रों में कई श्रेणियों की जमीनों की दरों में 12 से 20 प्रतिशत तक बढ़ोत्तरी की गई है।
सदर प्रथम क्षेत्र में अकृषक भूमि की मूल दर में 20 प्रतिशत, कृषि भूमि में 12 प्रतिशत और वाणिज्यिक एकल भूमि में औसतन 10 प्रतिशत वृद्धि की गई है। वहीं एकल से अलग वाणिज्यिक भवनों के कारपेट रेट में औसतन पांच प्रतिशत बढ़ोतरी की है।
निर्माण दर में भी 10 प्रतिशत तक वृद्धि की है। तहसील बहेड़ी में न्यूनतम पांच प्रतिशत से अधिकतम 15 प्रतिशत तक सर्किल रेट बढ़ाए गए हैं। यहां कृषि एवं अकृषक भूमि की दरों में 15 प्रतिशत, वाणिज्यिक एकल भूमि में औसतन 10 प्रतिशत और सड़क से लगी अकृषक/वाणिज्यिक भूमि में 15 प्रतिशत तक दाम बढ़ाए हैं।
आंवला क्षेत्र में भी करीब 10 प्रतिशत तक वृद्धि की गई है। औद्योगिक कारिडोर से जुड़े 10 गांवों में कृषि भूमि की दरों में 10 प्रतिशत, जबकि अन्य नौ गांवों में करीब 20 प्रतिशत तक वृद्धि की है।
भोजीपुरा की कृषि दरों को पांच प्रतिशत तक बढ़ाया है। नवाबगंज में जमीन के दाम 20 प्रतिशत तक बढ़ाए हैं। वाणिज्यिक एकल भूमि में औसतन 10 प्रतिशत और मुहल्लों की अकृषक भूमि में 10 से 20 प्रतिशत बढ़ोतरी की है।
नवाबगंज क्षेत्र के कुछ गांवों में बढ़ती आवासीय एवं व्यावसायिक गतिविधियों को देखते हुए उन्हें विकासशील गांव की श्रेणी में शामिल किया है। इनमें औरंगाबाद, ज्योरामकरनपुर, धौरेरा, बीजामऊ, बघुआ और लाडपुर उस्मानपुर आदि शामिल हैं। मीरगंज में अकृषक और वाणिज्यिक दरों में करीब 10 से 20 प्रतिशत तक वृद्धि की है।
फरीदपुर में अकृषक और कृषि भूमि की दरों को पांच से 20 प्रतिशत और वाणिज्यिक एकल भूमि के दाम 10 से 20 प्रतिशत तक बढ़ाए गए हैं। फरीदपुर के कुछ गांवों को बढ़ती आवासीय और व्यावसायिक गतिविधियों के कारण विकासशील गांव की श्रेणी में जोड़ा है।
शहर के मुहल्लों में इतने बढ़े सर्किल रेट
| मुहल्ला | पुराने सर्किल रेट | नए सर्किल रेट |
| राजेंद्र नगर | 47,000 | 54,000 |
| दीनदयाल पुरम | 73,000 | 84,000 |
| प्रेमनगर | 46,000 | 54,000 |
| जनकपुरी | 45,000 | 52,000 |
| एकता नगर | 43,000 | 51,000 |
| उदयपुर खास | 39,000 | 45,000 |
| रेजीडेंसी गार्डन | 39,000 | 44,000 |
प्रस्तावित किए गए नए सर्किल रेटों को आपत्तियों के निस्तारण के बाद संशोधित कर लिया गया है। नए सर्किल रेट एक सितंबर से जिले में लागू कर दिए जाएंगे। इस बार करीब पांच से 20 प्रतिशत तक सर्किल रेटों में बढ़ोतरी की गई है।
-संतोष कुमार सिंह, एडीएम (एफआर)
