एमआर को फर्जी पुलिस बनकर घेरा, अफीम केस की धमकी देकर वसूली रंगदारी; सपा नेता का रिश्तेदार भी फंसा
बरेली में फर्जी पुलिस बनकर एक मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव से अफीम केस में फंसाने की धमकी देकर 5 हजार रुपये की ...और पढ़ें

पुलिस की गिरफ्त में आरोपित
HighLights
अफीम-ड्रग के मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर मांगे थे 50 हजार रुपये
जागरण संवाददाता, बरेली। खुद को सिविल पुलिस बताकर मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव (एमआर) से पांच हजार रुपये रंगदारी वसूलने वाले चार आरोपितों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपितों का कहना हैं कि उन्होंने सपा नेता के भांजे के कहने पर ही यह रंगदारी मांगी थी। पुलिस ने चारों को जेल भेज दिया है।
इज्जतनगर के तुलाशेरपुर निवासी पुष्पेंद्र सिंह ने पुलिस को बताया कि वह एमआर का काम करते हैं। मेडिकल स्टोर व अस्पतालों में दवाइयों की सप्लाई करते है। आरोप था कि 26 अगस्त की शाम करीब करीब 6:30 बजे वह अपनी मोटरसाइकिल से सिरौली से बरेली आ रहे थे।
मिलिट्री अस्पताल रोड पर पहुंचने पर पीछे से हीरो स्प्लेंडर बाइक सवार दो युवक आए। उन्होंने खुद को सिविल ड्रेस में पुलिसकर्मी बताते हुए उसका बैग चेक कराने को कहा। पुष्पेंद्र के मुताबिक उन्होंने तलाशी देने से मना करते हुए कहा कि वह थाने जाकर तलाशी देंगे।
इस पर दोनों युवकों ने आइडी कार्ड दिखाने की बात कही और फोन करके एक अन्य व्यक्ति को बुला लिया। वह भी सिविल ड्रेस में हीरो स्प्लेंडर बाइक से वहां पहुंचा। आरोप है कि तीनों युवक उसे लाल फाटक पुल के नीचे ले गए।
वहां उन्होंने उस पर अफीम और ड्रग का धंधा करने का आरोप लगाते हुए तलाशी देने के लिए दबाव बनाया। साथ ही तलाशी नहीं देने पर अफीम के मुकदमे में फंसाकर जेल भेजने की धमकी दी, कहा कि जिंदगी भर जेल में सड़ना पड़ेगा।
कुछ नहीं मिला तो मांगी 50 हजार की रंगदारी
पुष्पेंद्र का आरोप है कि जब उनके बैग से उन्हें कुछ नहीं मिला तो आरोपितों ने उनसे 50 हजार रुपये रंगदारी मांगी। पुष्पेंद्र का कहना है कि उस वक्त उनके पास केवल पांच हजार रुपये थे, जिन्हें आरोपितों ने ले लिया।
आरोपितों के जाने के बाद जब उन्होंने आस-पास के लोगों से उनके नाम पूछे तो लोगों ने उनके नाम उमरसिया निवासी कमल, हेमंत और चनहेटी निवासी पुष्पेंद्र बताया।
मामले में पुलिस ने तत्काल आरोपितों के विरुद्ध प्राथमिकी लिखकर तीनों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि यह सब उन्होंने कांधरपुर निवासी अभिषेक कश्यप के कहने पर किया। उसे भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
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