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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 16, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

पाकिस्तानी महिला फरहत के राशन कार्ड की जांच शुरू, 1961 में आई बरेली और 24 साल बाद किया निकाह; सात बच्चे भी

Published: Mon, 16 Jun 2025 10:28 AM (IST)

बरेली में पाकिस्तानी महिला फरहत सुल्ताना द्वारा फर्जी दस्तावेजों से आधार कार्ड और राशन कार्ड बनवाने का मामला सामने आया ...और पढ़ें

पाकिस्तानी महिला फरहत की फाइल फोटो। जागरण
पाकिस्तानी महिला फरहत की फाइल फोटो। जागरण

HighLights

  1. फर्जी दस्तावेजों से राशन कार्ड बनवाने का मामला
  2. UIDAI से आधार कार्ड की जानकारी मांगी
  3. 1961 में बरेली आई थी फरहत सुल्ताना

जागरण संवाददाता, बरेली। पाकिस्तानी महिला का आधार कार्ड किसने और कब बनाया इसके लिए पुलसि ने भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआइडीएआइ) से इसकी जानकारी मांगी है। वहां से रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, दूसरी ओर पुलिस ने प्रशासन को पत्र भेज महिला के राशन कार्ड की भी जानकारी मांगी है। दो दिन पहले बारादरी थाने के दारोगा सौरभ अपने क्षेत्र में रोहिंग्या व बांग्लादेशियों की तलाश में लोगों का सत्यापन कर रहे थे।

उन्हें सूचना मिली कि पाकिस्तान की रहने वाली फरहत सुल्ताना जोकि वर्तमान में सूफी टोला में रह रही है, उसने फर्जी दस्तावेज के सहारे करीब 16 वर्ष पहले आधार कार्ड और 10 वर्ष पहले राशन कार्ड बनवा लिया था। इन कागजात के जरिये वह सरकार की योजनाओं का लाभ भी ले रही है।

मामले में गहनता से जांच की गई तो पता चला कि महिला वर्ष 1961 में बरेली अपनी ननिहाल में मां के साथ दीर्घकालिक वीजा पर आई थी। उस वक्त वह आठ माह की थी, तब से वह यहीं पर रही है।

फरहत के हैं सात बच्चे, पांच लड़कियां और दो लड़के

वर्ष 1985 में उसने सूफी टोला निवासी शाहिद खलील से निकाह भी कर लिया। इसके बाद फरहत के सात बच्चे हुए इसमें पांच लड़कियां और दो लड़के थे। सबसे छोटी बेटी का निधन हो गया और एक बेटी का गाजियाबाद में निकाह हो गया। अब तीन बेटियां और दो बेटे फरहत के साथ रहते हैं।

आधार कार्ड के लिए मांगी जानकारी

परिवार के गुजर बसर के लिए बेटियां जरी का काम करती हैं और बेटे मेहनत मजदूरी करते हैं। मामले में महिला के विरुद्ध प्राथमिकी लिखाई और यूआइडीएआइ से आधार कार्ड की पूरी जानकारी मांगी है। वहां से रिपोर्ट आने के बाद आधार कार्ड बनाने वाले पर भी कार्रवाई की जाएगी।