वी. राजा, बाराबंकी

कोविड वैक्सीन आने को लेकर जहां स्वास्थ्य विभाग तैयारियों में जुटा है। कोरोना के टीकाकरण के वक्त संबंधित को अपना पहचान पत्र लाना होगा। पहचान पत्र में उसे आइडी, डीएल, पासपोर्ट, बैंक पासबुक, आधार कार्ड भी मान्य होगा। इसे कंप्यूटर पर पोर्टल में दर्ज करना होगा। मोबाइल एप्लीकेशन पर तुरंत चिकित्सा में लगे कर्मी उसे डाउनलोड करेंगें, ताकि कोरोना वैक्सीन की जितनी डोज एक व्यक्ति को निर्धारित हो उतनी ही लगे। स्वास्थ्य विभाग कोरोना वैक्सीन लगाने के दौरान चुनाव में मतदान के समय अंगुली में स्याही लगाने की योजना भी बना रहा है। वैक्सीन लगाने में सतर्कता व पारदर्शिता के लिए कोरोना वैक्सीन लगाने से पहले प्रत्येक व्यक्ति के अंगुली में स्याही लगाने की योजना स्वास्थ्य विभाग बना रहा है। इसके लिए डीएम से अनुमति मांगी है। डीएम की अनुमति मिलने के बाद वैक्सीन लगाने से पहले व्यक्ति की अंगुली में मतदान की तरह स्याही लगाई जाएगी। पहले चरण में चिकित्सक, स्वास्थ्य कर्मी को लगेगा टीका : पहले चरण चरण में कुल 16 हजार कोरोना वैक्सीन जो आएंगी वे चिकित्सकों के अलावा स्वास्थ्य कर्मियों को लगाई जाएंगी। इसके अलावा आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को भी टीका पहले चरण में लगेगा। वहीं, प्राइवेट अस्पतालों के चिकित्सक, स्टाफ व नर्सिंग होम स्टाफ के अतिरिक्त नर्सिंग के छात्रों को भी वैक्सीन लगाई जाएगी।

सभी चरण के मानक तय: दूसरे चरण में पुलिस कर्मियों के अलावा सफाई कर्मियों को टीकाकरण में वरीयता दी जाएगी। इसके बाद तीसरे चरण में 50 वर्ष से ऊपर के व्यक्तियों को कोरोना की वैक्सीन लगाई जाएगी। चौथे चरण में 50 वर्ष आयु से नीचे के लोगों को टीका लगाया जाएगा। 14 और फ्रीजर मिलेंगे : जिले में सात लाख डोज कोरोना वैक्सीन रखने की क्षमता है। 14 और फ्रीजर जिले को मिलेंगे। अभी तक मुख्यालय में 16 फ्रीजर हैं। इनमें कोरोना वैक्सीन रखी जाएगी। इनसेट: कोरोना वैक्सीन लगाने के संबंध में जो भी दिशा निर्देश शासन से दिए जाएंगे उसका अनुपालन कराया जाएगा। वैक्सीन रखवाने वाले कक्ष को तैयार कर लिया गया है। टीकाकरण के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम तैयार है। डॉ. बीकेएस चौहान, सीएमओ, बाराबंकी।

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