बाराबंकी, संवाद सूत्र। प्रशिक्षण के दौरान शटडाउन कर बिजली लाइन ठीक कर रहे आइटीआइ छात्र की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से मौत हो गई। नाराज ग्रामीणों ने विभागीय अधिकारियों को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया। छात्र की मौत की सूचना पाकर बिजली उपकेंद्र मोहना में अधिकारी और कर्मचारी ताला बंद कर फरार हो गए। एसडीएम और पुलिस मौके पर पहुंची और परिवारजन को समझा-बुझाकर शांत कराया। पुलिस ने बिजली विभाग के अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया है।

आइटीआइ का छात्र था मृतक

सतरिख थाने के नरौली निवासी 22 वर्षीय अनूप कुमार आइटीआइ का छात्र था। प्रशिक्षण के लिए बिजली उपकेंद्र मोहना पर कार्यरत था। सोमवार सुबह करीब नौ बजकर 30 मिनट पर शटडाउन लेकर अनूप कुमार मोहना के मजरे तौदहापुरवा के निकट पोल पर चढ़कर बिजली लाइन ठीक कर रहा था। इसी दौरान बिजली आपूर्ति शुरू कर दी गई, जिससे अनूप कुमार हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया।

परिजनों ने शुरू किया विरोध प्रदर्शन

मौके पर ही उसकी मौत हो गई। कुछ ही देर में वहां घर वाले भी पहुंच गए। ग्रामीणों ने बिजली उपकेंद्र मोहना के अधिकारियों और कर्मचारियों पर लापरवाही का आरोप लगाकर विरोध जताना शुरू कर दिया। सतरिख पुलिस के अलावा सीओ सदर भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने परिवारजन और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन बात नहीं बनी।

पांच लाख मुआवजे की प्रक्रिया पूरी

एसडीएम नवाबगंज विजय कुमार त्रिवेदी ने मौके पहुंचकर पीड़ित परिवार को हर संभव मदद का भरोसा दिया। सहायता दिलाने का आश्वासन देकर विरोध को शांत कराया। एसडीएम ने बताया कि बिजली विभाग से पांच लाख सहायता की प्रक्रिया पूरी करा दी गई है। शीघ्र ही पीड़ित परिवार को यह सहायता मिल जाएगी।

बिजली लाइन की चपेट में आने से हुई मौत के मामले में अज्ञात लोगों के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत कराया गया है। जो दोषी होगा जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी। - सुमित त्रिपाठी, सीओ सदर, बाराबंकी।

Edited By: Vrinda Srivastava

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