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बुंदेलखंड के परिषदीय स्कूलों में कमजोर बच्चों पर सरकार करेगी फोकस, लर्निंग गैप दूर करने के लिए बनाया स्पेशल प्लान

Published: Wed, 09 Sep 2026 03:33 PM (GMT+05:30)

सरकार ने बुंदेलखंड के परिषदीय विद्यालयों में कक्षा 6 से 8 तक के कमजोर छात्रों के लिए 'लर्निंग एन्हांसमेंट प्रोग्राम' शुरू किया है।

इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।

इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।

HighLights

  1. कक्षा 6-8 के कमजोर छात्रों के लिए विशेष कार्यक्रम।

  2. लर्निंग गैप दूर करने को मॉड्यूल व सर्किल बनेंगे।

  3. बुंदेलखंड के 6,277 स्कूलों में लागू होगी योजना।

जागरण संवाददाता, बांदा। सरकार ने एक विशेष योजना के तहत शिक्षा के स्तर को सुधारने और बच्चों के लर्निंग गैप को खत्म करने का रोडमैप तैयार किया है। इसके तहत कक्षा छह से आठ तक के विद्यार्थियों में एक समान शैक्षणिक प्रगति सुनिश्चित करने के लिए लर्निंग एन्हांसमेंट प्रोग्राम शुरू किया जाएगा। जिसके तहत छठवीं से आठवीं तक के अध्ययनरत बच्चों में से कमजोर बच्चों को चिन्हित कर उन्हें विभिन्न माड्यूल के जरिए उनका लर्निंग गैप में सुधार लाया जाएगा।

बुंदेलखंड के पांचों जिलों बांदा, चित्रकूट, हमीरपुर, महोबा व जालौन के कुल 6,277 परिषदीय विद्यालयों में 5,04,904 छात्र अध्ययनरत हैं। प्रत्येक कक्षा में सभी छात्र एक लर्निंग क्षमता के नहीं होते हैं। ऐसे में उन्हें सीखने में समय लगता है। कभी-कभी जल्दी सीखने वाले बच्चों के चक्कर में शिक्षक विषय को पढ़ाते हुए आगे निकल जाते हैं और कमजोर बच्चें पिछड़ जाते हैं।

कमजोर बच्चों को किया जाएगा चिह्नित

परीक्षा में इन कमजोर बच्चों का प्रदर्शन बेहद खराब होता है। लर्निंग एन्हांसमेंट प्रोग्राम शुरू होने से इन विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों में से कमजोर छात्रों को लाभ मिलेगा। परिषदीय विद्यालयों में अध्ययनरत छात्रों में से कमजोर बच्चों को चिन्हित किया जाएगा।

इस पहल का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी बच्चा पढ़ाई में पीछे न रहे। योजना के तहत सभी परिषदीय स्कूलों में विज्ञान और गणित सर्किल का गठन किया जाएगा। इन सर्किलों के माध्यम से छात्रों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ प्रोजेक्ट्स, वर्किंग माडल्स और विशेष शिक्षण किट के जरिये विषय को आसान भाषा में समझाया जाएगा। इसके अलावा, अंग्रेजी शिक्षण को रुचिकर और प्रभावी बनाने के लिए विशेष रूप से तैयार किए गए आडियो-वीडियो माड्यूल का उपयोग किया जाएगा।

सभी छात्रों को बेहतर शिक्षा ग्रहण करने का अवसर मिले, कोई छात्र किसी भी स्थिति में किसी छात्र से कमजोर न रहे इसके लिए लर्निंग एन्हांसमेंट प्रोग्राम शुरू किया जाएगा। ताकि कमजोर छात्रों के बेहतर विधि व सरल तरीके से समझाया जा सके। संतोष कुमार पांडेय, सहायक निदेशक, बेसिक शिक्षा, चित्रकूट धाम मंडल

स्थिति एक नजर में

जिला परिषदीय विद्यालय छात्रों की संख्या
बांदा 1,725 1,62,399
चित्रकूट 1,256 1,04,705
हमीरपुर 967 75,389
महोबा 840 71,191
जालौन 1,489 91,230
योग 6,277 5,04,904