जागरण संवाददाता, नगरा ( बलिया) : ब्लाक क्षेत्र के निकासी गांव में गलत ढंग से आवास आवंटित किए जाने पर जिला पंचायत राज अधिकारी अजय श्रीवास्तव ने तत्कालीन सचिव पीके सिंह को निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में सचिव गड़वार विकास खंड से संबद्ध करते हुए अपर जिला पंचायत राज अधिकारी को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। इस दौरान जीवन निर्वहन भत्ता देय अवकाश के बराबर देय होगा। महंगाई भत्ता भी देय होगा। डीपीआरओ ने अपने आदेश में कहा है कि उक्त गांव में सचिव द्वारा जगदीश पुत्र रुपा को आवास न देकर जगदीश पुत्र विष्णु, दिनेश पुत्र जगदीश के स्थान पर दिनेश पुत्र विष्णु , महातम पुत्र जयमूरत के स्थान पर महातम पुत्र सुदामा, रमावती पुत्री अंबिका की जगह रमावती पत्नी संजय, राजेश पुत्र मुन्नीलाल के स्थान पर राजेश पुत्र सखीचंद को गलत ढंग से आवास आवंटित कर दिया गया है। इसके अलावा कार्यालय द्वारा जारी पत्रों का संतोषजनक उत्तर न दिया जाना, उच्चाधिकारियों के आदेशों का अवहेलना करना, सरकारी सेवक के रुप में अपने दायित्वों का निर्वहन न करने का भी आरोप लगाया गया है। इस प्रकरण में न्यायालय के आदेश पर उक्त सचिव व ततकालीन ग्राम प्रधान पर नगरा थाने में धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा भी दर्ज हो चुका है।

Edited By: Jagran