बागपत, जेएनएन। बेसिक शिक्षा अधिकारी राघवेंद्र सिंह ने बुधवार को तीन विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। इन स्कूलों में उन्हें शिक्षकों की लापरवाही मिली है। अध्यापक फोन चला रहे थे और बच्चे बराबर में बैठे हुए थे। मिड-डे-मील का रिकार्ड भी दुरुस्त नहीं मिला। अनुपस्थित एक अध्यापक को निलंबित किया है। वेतन रोकने आदेश दिए और स्पष्टीकरण मांगा है।

बीएसए राघवेंद्र सिंह ने बताया कि सबसे पहले हरचंदपुर गांव के उच्च प्राथमिक विद्यालय का निरीक्षण किया। दो अध्यापिका तो छुट्टी पर मिली, लेकिन इंचार्ज प्रधानाध्यापिका मिड-डे-मिल का रिकार्ड नहीं दे पाई। यहां पर उन्होंने बच्चों को गणित के सवाल भी समझाए। उसके बाद सुन्हैडा गांव के प्राथमिक विद्यालय नंबर दो पहुंचे। यहां पर इंचार्ज प्रधानाध्यापिका ममता बिना स्वीकृति अवकाश पर मिली। वहीं दस सितंबर से अब तक अध्यापक सुधीर वशिष्ठ विद्यालय में नहीं आए है। अवकाश के लिए न आनलाइन और न आफलाइन आवेदन किया। उन्हें निलंबित कर दिया गया है। वहीं एक अध्यापिका यहां फोन चलाती मिली और बच्चे कक्षा में इधर-उधर बैठे हुए थे। यहां भी मिडे-डे-मील का रिकार्ड नहीं दिया गया। अनुपस्थित रहने वाले अध्यापकों का वेतन रोकने, फोन चलाने वाली अध्यापिका को प्रतिकूल प्रवृष्टि दी गई। इसी गांव में प्राथमिक विद्यालय नंबर एक में पहुंचे। यहां सभी अध्यापक मिले। मध्यान्ह भोजन का यहां भी रिकार्ड नहीं मिला। बीएसए राघवेंद्र सिंह ने सभी से खुद कार्यालय में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने के लिए निर्देशित किया। चेतावनी दी संतोषजनक स्पष्टीकरण न देने पर विभागीय कार्रवाई होगी। किसानों ने पाठशालाओं में पढ़ा खेती का पाठ

बुधवार को 46 न्याय पंचायतों पर किशन पाठशालाओं का आयोजन किया गया, जिनमें हजारों किसानों ने खेती-किसानी का पाठ पढ़ा। एडीओ कृषि महेश कुमार खोखर ने कहा कि किसानों को कम जमीन पर कम लागत में ज्यादा उत्पादन पाने, किसान उत्पादक संगठन गठित करने, पराली जलाने के बजाय कृषि यंत्रों से खेतों में काटकर मिट्टी की उर्वरा शक्ति बढ़ाने की जानकारी दी। कृषि उप निदेशक प्रशांत कुमार ने भी किसानों को कृषि यंत्रों की जानकारी दी।

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