बागपत, जेएनएन। देश के सबसे हाईटेक ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेस-वे पर आए दिन होने वाले हादसों को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन आगे आने के लिए तैयार नहीं है। अधिकारी एक दूसरे पर कार्रवाई करने का बहाना डालकर पीछा छुड़ा रहे हैं।

ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेस-वे पर वाहनों की तरफ एनएचएआइ ने 120 किलोमीटर प्रतिघंटा तय की है। रफ्तार व कोहरे के कारण होने वाले हादसों को रोकने के लिए एनएचएआइ ने कोई मुक्कमल व्यवस्था नहीं की है। ईपीई पर वाहनों को रोकने के लिए बड़ागांव के पास ले बाई बनाई है पर अधिकांश चालक वाहनों को कहीं भी रोककर खड़े हो जाते हैं। सुनसान स्थान पर खड़े वाहनों को बदमाश भी निशाना बनते हैं। किसी भी स्थान पर खड़े होने वाले वाहनों के कारण अधिकांश हादसे होते हैं। हादसे रोकने लिए प्रशासन की तरफ से भी कोई कदम नहीं उठाया जा रहा। पिछले दिनों एसडीएम ने टीम बनाकर किनारे खड़े होने वाले वाहनों पर कार्रवाई की बात कही थी। परंतु अब पुलिस प्रशासनिक अधिकारी एक दूसरे पर कार्रवाई करने की बात कहकर पीछा छुड़ा रहे हैं। अधिकारियों का इतना भी कहना है कि वाहनों को किनारे से हटवाने का काम एनएचएआइ का है कि पुलिस प्रशासन का नहीं। कोहरा बढ़ने पर बढ़ेंगे हादसे

दिसंबर माह चल रहा है ऐसे में तारीख बढ़ने के साथ कोहरा भी बढ़ेगा। ऐसे में किनारे खड़े होने वाले वाहनों के कारण हादसों की संख्या बढ़ने लगेगी। अगर समय रहते प्रशासन ईपीई पर दौड़ने वाले वाहन सवारों की तरफ ध्यान दे तो किनारे खड़े वाहन व वाहनों की रफ्तार को कम कर लोगों की जान बचाई जा सकती है। एसडीएम अजय कुमार का कहना है कि एआरटीओ को संबंध में पत्र भेजा गया है। किनारे खड़े होने वाले वाहनों को हटवाने के लिए तैनात पीवीआर को निर्देशित किया गया है।

Edited By: Jagran