किसान भाई एक मिनट में करा सकते हैं 'फार्मर रजिस्ट्री', यह है इसका आसान तरीका
Baghpat News: किसानों के लिए फार्मर रजिस्ट्री कराना अनिवार्य हो गया है, जिसके बिना भविष्य में सरकारी योजनाओं का लाभ ...और पढ़ें

फार्मर रजिस्ट्री का उद्देश्य किसानों का डिजिटल डाटाबेस तैयार करना
HighLights
फार्मर रजिस्ट्री सरकारी योजनाओं के लाभ के लिए अनिवार्य।
बागपत में 34 हजार किसान अभी भी पंजीकरण से दूर।
जागरण संवाददाता, बागपत। फार्मर रजिस्ट्री योजना का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक किसान का एकीकृत डिजिटल डाटाबेस तैयार कर उन्हें विभिन्न कृषि एवं अन्य योजनाओं से लाभान्वित करना सरकार का उद्देश्य है। बिना फार्मर रजिस्ट्री के आने वाले समय में योजनाओं का लाभ नहीं मिलेगा। लेकिन 34 हजार किसान अभी फार्मर रजिस्ट्री से दूर हैं, जिन्होंने अधिकारियों की टेंशन बढ़ा दी है। यदि आपने फार्मर रजिस्ट्री नहीं कराई तो भविष्य में सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिलेगा, इसलिए लापरवाही छोड़िए और कराइए फार्मर रजिस्ट्री।
फार्मर रजिस्ट्री योजना मुख्य उद्देश्य प्रत्येक किसान का एकीकृत डिजिटल डाटाबेस तैयार कर विभिन्न कृषि एवं कल्याणकारी योजनाओं का लाभ सरल पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से प्राप्त करवाना है। कृषि उपनिदेशक विभाति चतुर्वेदी ने बताया कि किसान सम्मान निधि योजना में पंजीकृत किसानों में से 83.5 प्रतिशत की फार्मर रजिस्ट्री हो चुकी है।
अब प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि उन्हीं किसानों को मिलेगी जिनकी फार्मर रजिस्ट्री होगी। किसानों को जनकल्याण के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं जैसे खाद, बीज, कृषि यंत्र, कीटनाशी, फसल बीमा, कृषि ऋण आदि पर अनुदान का लाभ तब मिलेगा जब फार्मर रजिस्ट्री कराई हुई होगी।
ऐसे कराएं फार्मर रजिस्ट्री
किसान अपना आधार, खतौनी, आधार से लिंक मोबाईल लेकर अपने नजदीकी जनसेवा केन्द्र पर जाकर तत्काल फार्मर रजिस्ट्री करा लें। कृषक अपने मोबाईल से भी गूगल प्ले स्टोर से फार्मर रजिस्ट्री यूपी मोबाइल एप डाउनलोड कर भी अपना पंजीकरण कर सकते हैं।
फार्मर रजिस्ट्री का उद्देश्य जमीनों को डिजिटल प्लेटफार्म पर एकत्र कर कार्य पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से पूरा करना
फार्मर रजिस्ट्री का मुख्य उद्देश्य किसानों की जमीनों को डिजिटल प्लेटफ़ार्म पर एकत्र करने का कार्य पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से पूरा करना है। यह पहल किसानों को सरकारी योजनाओं और अनुदानों का लाभ सीधे और प्रभावी तरीके से प्रदान करने में मदद करेगी।
उत्तर प्रदेश में जिन किसानों की जमीन जगह-जगह स्थानों पर है, उस सारी जमीन को एक प्लेटफार्म पर लाकर रिकार्ड को व्यवस्थित तरीके से डिजिटलकरण करना है। राजस्व विभाग, कृषि विभाग, पंचायत सहायक आदि के द्वारा ग्राम स्तर पर फ्री फार्मर रजिस्ट्री के संबंध में जानकारी ली जा सकती है। किसान जन सुविधा केंद्र पर भी इस योजना का लाभ ले सकते हैं।
