माफिया धर्मेंद्र किरठल पर प्रशासन का शिकंजा, बागपत में 3.5 करोड़ की कृषि भूमि की कुर्क
माफिया धर्मेंद्र किरठल पर प्रशासन ने शिकंजा कसते हुए बागपत में उसकी साढ़े तीन करोड़ रुपये की कृषि भूमि कुर्क की है।

प्रदेश की माफिया सूची में शामिल अपराधी धर्मेंद्र किरठल की कृषि भूमि कुर्क करती प्रशासन की टीम।
HighLights
माफिया धर्मेंद्र किरठल की 3.5 करोड़ की कृषि भूमि कुर्क।
उप्र गिरोहबंद अधिनियम के तहत प्रशासन की गई कार्रवाई।
बागपत जनपद में अवैध कमाई से अर्जित संपत्ति पर शिकंजा।
संवाद सूत्र, रमाला (बागपत)। प्रदेश की माफिया सूची में शामिल अपराधी धर्मेंद्र किरठल पर प्रशासन ने शिकंजा और कसा है। उत्तर प्रदेश के गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम की धारा 14 (1) के तहत माफिया की करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये की कृषि भूमि कुर्क कर ली गई। करीब छह साल पूर्व उसका 59.63 लाख रुपये की कीमत का मकान कुर्क किया गया था।
ग्राम किरठल निवासी धर्मेंद्र रमाला थाने का हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ हत्या, जानलेवा हमला, रंगदारी, धमकी, गैंग्सटर एक्ट समेत विभिन्न धाराओं के करीब 50 मुकदमे दर्ज हैं। ग्राम किरठल के किसान इरशाद अली की 12 दिसंबर 2020 को खेत पर काम करते समय गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
उनके बेटे सद्दाम ने चुनाव की पार्टीबाजी के चलते हिस्ट्रीशीटर धर्मेंद्र निवासी ग्राम किरठल समेत चार आरोपितों पर अपने पिता इरशाद की हत्या करने का आरोप लगाते हुए रमाला थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में धर्मेंद्र पर 50 हजार रुपये का इनाम था। नोएडा एसटीएफ ने आठ जून 2021 में अपराधी धर्मेंद्र किरठल को देहरादून से गिरफ्तार किया था।
आरोपित वर्तमान में आम्बेडकर जेल में निरुद्ध है। उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम की धारा 14 (1) के तहत प्रशासन ने धर्मेंद्र किरठल का करीब 59.63 लाख रुपये की कीमत का मकान 15 अक्टूबर 2020 को कुर्क किया था। एक बार फिर प्रशासन बड़ी कार्रवाई की।
रमाला थाना प्रभारी इंस्पेक्टर विनोद कुमार का कहना है कि अपराधी धर्मेंद्र की ग्राम किरठल और लंबू गांव में स्थित करीब साढ़े 12 बीघा कृषि भूमि को उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम की धारा 14 (1) के तहत कुर्क किया जाएगा। भूमि की कीमत करीब साढ़े करोड़ रुपये है। अपराध करके कमाए गए धन से भूमि खरीदी गई है।
