यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 29, 2018 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
बुखार ने फिर किशोरी समेत तीन की ले ली जान
जिले में फैले जानलेवा बुखार ने फिर किशोरी समेत तीन और लोगों की जान ले ली।

सिलहरी : जिले में फैले जानलेवा बुखार ने फिर किशोरी समेत तीन और लोगों की जान ले ली। वहीं तीन गांवों में सैकड़ों लोग बीमार हैं। कई बार सूचना देने के बाद भी स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांवों का रुख नहीं किया है। ऐसे में निचले तबके के लोग झोलाछापों की शरण लिए हुए हैं।
थाना मूसाझाग क्षेत्र के गांव सराय पिपरिया निवासी रवींद्र की 22 वर्षीय पत्नी प्रीति को कई दिन से बुखार आ रहा था। बदायूं लेकर आए लेकिन यहां से उसे बरेली रेफर कर दिया गया। वहां उसकी सोमवार देर रात मौत हो गई। इसी इलाके के गांव तजपुरा निवासी 45 वर्षीय सुरेश ने भी बुखार के कारण सोमवार शाम दम तोड़ दिया। जबकि कौर गांव के साबिर की 12 साल की बेटी मेहरुलनिशा को भी तीन दिन से बुखार आ रहा था। उसकी सांसें भी सोमवार को थम गईं। जबकि इन गांवों के हेतराम रजनी, ओमेंद्, अंतराम, कुसुमलता, महिपाल, बबलू, विद्यापति समेत सैकड़ों लोग चपेट में आ चुके हैं। सीएचसी जगत के प्रभारी डॉ. पवन कुमार ने बताया की गांव में बीमारी फैलने की सूचना मिली है। स्वास्थ विभाग की टीम भेजकर के बुखार की चपेट में आए लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कराकर दवा दिलवाई जाएगी।
बागरपुर पहुंची टीम, दवाइयां बांटीं
फोटो 29 बीडीएन - 51 संसू, कुंवरगांव : ब्लाक वजीरगंज के गांव बागरपुर में सोमवार को बुखार की चपेट में आने से 40 वर्षीय नरेश पाली की मौत के बाद स्वास्थ्य महकमा दूसरे दिन मंगलवार को हरकत में आया है। पीएचसी सैदपुर की टीम गांव पहुंची और शिविर लगाकर ग्रामीणों की जांच की। साथ ही उनकी स्लाइड बनाई गई। टीम ने बुखार से ग्रसित मरीजों को दवाइयां भी बांटीं। साथ ही उन्हें घर के आसपास जलभराव खत्म करने मच्छरदानी का उपयोग करने की सलाह दी। टीम में एमओआईसी फिरासत हुसैन, डॉक्टर फरनाज परवीन, डॉक्टर साइमा गनी, डॉक्टर राजीव वर्षेनी, डॉक्टर आईपी आर्या आदि शामिल थे। जागरण ने मंगलवार के अंक में इस गांव में बुखार की समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। टीम पहुंचने पर यहां के लोगों ने जागरण को भी धन्यवाद दिया।
