शेखूपुर : सहकारी चीनी मिल में गन्ने की पेराई की गति बहुत धीमी है। आए दिन मशीनों में आ रही तकनीकी खराबी से पेराई बंद हो रही है। इससे गन्ना लदी ट्रालियों की लंबी लाइन लग रही है। शुक्रवार रात मिल में के स्लाईजर का पाईप फटने के कारण मिल को कई घंटे तक बंद करना पड़ा था। इससे मिल गेट पर गन्ना लेकर पहुंचे किसानों को सुबह तक अपने नंबर का इंतजार करना पड़ा। मशीनें पुरानी होने की वजह से मिल अपनी क्षमता के अनुसार नहीं चल पा रही। मिल के एक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि मिल में पेराई बहुत ही धीमी गति से हो रही है। मिल ने आठ दिन में पचास हजार कुंतल ही गन्ने की पेराई कर मात्र 500 ¨क्वटल चीनी का उत्पादन किया है। जबकि मिल में अब तक लगभग 1700 ¨क्वटल चीनी का उत्पादन होना चाहिए था। जबकि मिल प्रबंधन ने बीसलपुर से निकली हुई पुरानी मशीनों को लगाया गया है जो इस मिल में मशीनें लगी हुई थी। उन्हें निकाल कर हटा दिया गया है। लाई गई मशीनों के सही काम न करने के कारण गन्ने की पेराई न होने के साथ साथ चीनी का उत्पादन भी बाधित हो रहा है। क्या कहते हैं किसान

मिल की ओर से क्षेत्र के किसानों को गन्ने की पर्चियां भी नहीं उपलब्ध कराई जा रही है। जिन किसानों के पास गन्ना है। मिल के अधिकारी उसे रिजेक्ट बताकर वापस कर रहे हैं। ऐसे में क्षेत्र के किसानों में मिल प्रबंधन के प्रति आक्रोश बढ़ता ही जा रहा है।

- असरफ अली, रमजानपुर।

गेट पर गन्ना लेकर पहुंचे किसानों को कड़ाके की ठंड में ही ट्राली के नीचे बैठ कर रात गुजारनी पड़ी, लेकिन मिल प्रबंधन की ओर से किसानों को ठंड से निजात दिलाने के लिए अलाव की कोई व्यवस्था नहीं की गई।

- छोटे, शेखूपुर मिल की मशीनों में कमी आने के कारण रात भर मिल बंद रही और किसान भी रात भर परेशान रहा। मिल के जीएम ने मशीनों की रिपे¨रग सही ढंग से न करा कर मात्र खानापूरी की है। इसी लिए मिल आये दिन घंटो बंद रहती है। इससे गेट पर आये सभी किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।

- खजान ¨सह, नसरूल्लापुर

जब से मिल चालू हुई तब से गांव के लोगों की पर्चियां बहुत कम आ रही है। सुपर वाईजर ने सामान्य गन्ने को रिजेक्ट गन्ना दर्शाया है। जब कि पिछले वर्ष यही गन्ना मिल ने अरली बैरायटी में लिया गया था, लेकिन मिल आज इसी गन्ने को लेने को तैयार नहीं है। ऐसे में किसान इस गन्ने को कहा ले जाकर डाले।

- महावीर, धमेई

Posted By: Jagran