Move to Jagran APP

गैर इरादतन हत्या में सात साल की सजा

गैर इरादतन हत्या के मामले में अदालत ने आरोपित को सात साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई।

By JagranEdited By: Published: Wed, 30 Jan 2019 11:56 PM (IST)Updated: Wed, 30 Jan 2019 11:56 PM (IST)
गैर इरादतन हत्या में सात साल की सजा
गैर इरादतन हत्या में सात साल की सजा

बदायूं : गैर इरादतन हत्या के मामले में अदालत ने आरोपित को सात साल के कठोर कारावास समेत 30 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जिसमें से आधी धनराशि मृतक की पत्नी को देने के आदेश दिए।

loksabha election banner

मामला संभल जिले के थाना गुन्नौर क्षेत्र के ग्राम गढि़या का है। गढि़या निवासी नेमवती पत्नी जग्गू उर्फ जोगराज ने मुकदमा दर्ज कराया था। अवगत कराया था कि 20 जून 2009 में गांव में चंद्रपाल की लड़की की बरात आई थी, जिसमें शामिल होने जोगराज भी गए थे। बरात जैसे ही चंद्रपाल के घर के सामने आई गांव के ही लक्ष्मण पुत्र भूपाल ने तमंचे से फायर किया जो जोगराज के पेट में लगा। घायलावस्था में उन्हें अलीगढ़ ले जाया गया जहां अस्पताल में मौत हो गई। न्यायालय में लक्ष्मण के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा चलाया गया। अपर सत्र न्यायाधीश षटम देवराज प्रसाद ¨सह ने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य का अवलोकन किया, एडीजीसी जगत ¨सह यादव और बचाव पक्ष के अधिवक्ता की दलीलों को सुनने के बाद लक्ष्मण को दोषी पाते हुए सजा सुनाई।


Jagran.com अब whatsapp चैनल पर भी उपलब्ध है। आज ही फॉलो करें और पाएं महत्वपूर्ण खबरेंWhatsApp चैनल से जुड़ें
This website uses cookies or similar technologies to enhance your browsing experience and provide personalized recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.