उप निदेशक पंचायत के नाम फर्जी नियुक्ति आदेश बनाकर युवक-युवतियों को थमाया, आरोपित के खिलाफ तहरीर
आजमगढ़ में उप निदेशक पंचायत के नाम पर बेरोजगार युवक-युवतियों को फर्जी नियुक्ति पत्र दिए गए हैं। आरोपी रितेश मणि ...और पढ़ें

आजमगढ़ में उप निदेशक पंचायत के नाम पर फर्जी नियुक्ति पत्र का खुलासा, होमगार्ड रनर गिरफ्तार।
HighLights
उप निदेशक पंचायत के नाम पर फर्जी नियुक्ति पत्र।
होमगार्ड रनर रितेश मणि त्रिपाठी ने 26 को ठगा।
आरोपी ने पूछताछ में अपनी गलती स्वीकार की।
जागरण संवाददाता, आजमगढ़। बेरोजगार युवक-युवतियों को बड़े पैमाने पर फर्जी नियुक्ति पत्र आदेश देने का मामला प्रकाश में आया है। नियुक्ति आदेश उप निदेशक पंचायत के नाम जारी किया गया है। नियुक्ति पत्र देने वाला आरोपित जिला होमगार्ड कमांडेंट के यहां रनर के रूप में कार्यरत है और वर्तमान में उसकी तैनाती थाना रौनापार में है।
नियुक्ति आदेश को लेकर जब एक युवती उप निदेशक पंचायत कार्यालय पर गुरुवार की शाम को पहुंची, उसके बाद कार्यालय में तैनात कर्मचारियों में हलचल की स्थिति बन गई। बताया जा रहा है कि उप निदेशक पंचायत के नाम पर गलत दस्तावेजों से फर्जी नियुक्ति पत्र बनाकर आरोपित ने करीब 26 बेरोजगार युवक-युवतियों को दिया है।
उप निदेशक कार्यालय ने जब आरोपित के बारे में अपने स्रोत से पता कराया तो उसका नाम रितेश मणि त्रिपाठी है और वह मंडलीय विकास भवन थाना-सिधारी स्थित जिला होमगार्ड कमांडेंट कार्यालय में रनर के रूप में कार्यरत है। नियुक्ति आदेेश की कापी लेकर गुरुवार की शाम को साधना उप निदेशक कार्यालय पहुंची।
बताया कि मोबाइल फोन नंबर से व्यक्ति ने नियुक्ति पत्र आदेश दिया है। इसके बाद उप निदेशक पंचायत कार्यालय द्वारा आरोपित के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए शुक्रवार को तहरीर भेजी गई थी लेकिन शिक्षक एमएलसी का चुनाव होने के कारण शनिवार को बुलाया गया।
उप निदेशक पंचायत द्वारा इस मामले की जानकारी 23 अक्टूबर को संयुक्त विकास आयुक्त रामबाबू त्रिपाठी को दी गई। इसके बाद आरोपित को बुलाया गया। संयुक्त विकास आयुक्त के कमरे में पूछताछ करने पर आरोपित ने लिखित बयान देते हुए अपनी गलती स्वीकार किया है। आरोपित ने बताया कि उक्त फर्जी आदेश उसने ही जारी किया है। थानाध्यक्ष सिधारी विनय कुमार ने बताया कि तहरीर मिली है, पूरे मामले की जांच करने के बाद ही प्राथमिकी दर्ज की जाएगी
